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जौलढुंगा पहुंची सड़क, लोगों में खुशी की लहर
Updated Mon, 19 Feb 2018 11:57 PM IST
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मदकोट (पिथौरागढ़)। मदकोट से जौलढुंगा तक 13 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। गांव का एक व्यक्ति मदकोट से जौलढुंगा तक जीप चलाकर ले गया। गांव में गाड़ी पहुंचने पर लोगों में खुशी की लहर है। कांग्रेस शासनकाल में 2014 में सड़क को स्वीकृति मिली थी लेकिन बीच में लंबे समय तक सड़क का निर्माण बंद रहा। 2016 में सरकार ने सड़क के लिए धनराशि जारी की और काम तेज करने के आदेश दिए। लोनिवि ने तेजी से काम कर सड़क का निर्माण पूरा कर दिया है। सड़क बनने से बसंतकोट, बोथी, फाफा, जौलढुंगा, उछैती, धूरातोली, फल्यांटी गांवों की करीब 4000 की आबादी को यातायात की सुविधा मिलने लगी है।
गोरीपार क्षेत्र के इन गांवों तक सड़क न होने से लोग भारी मुसीबतों का सामना कर रहे थे। सड़क के लिए लोगों ने कई बार आंदोलन भी किया। सड़क मंजूरी के बाद भी काम तेजी से न होने पर लोग कई बार नाराज रहे। जौलढुंगा गांव में रविवार की रात जब मदकोट से जीप पहुंची तो लोग खुश हो गए।
ग्राम प्रधान कुंवर सिंह, रुद्र सिंह, क्षेत्र पंचायत सदस्य दान सिंह, पुष्कर सिंह आदि ने कहा कि अब गांव में पैदा होने वाले आलू, राजमा को बाजार तक पहुंचाने में आसानी होगी। इसके अलावा इन गांवों में हरी सब्जियों का खूब उत्पादन होता है। इन सब्जियों को बाजार तक लाने में लोगों को दिक्कत नहीं होगी। अब तक लोग अपने उत्पादों को मजदूरों और घोड़ों की मदद से बाजार तक पहुंचाया करते थे।
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गोरीपार क्षेत्र के इन गांवों तक सड़क न होने से लोग भारी मुसीबतों का सामना कर रहे थे। सड़क के लिए लोगों ने कई बार आंदोलन भी किया। सड़क मंजूरी के बाद भी काम तेजी से न होने पर लोग कई बार नाराज रहे। जौलढुंगा गांव में रविवार की रात जब मदकोट से जीप पहुंची तो लोग खुश हो गए।
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ग्राम प्रधान कुंवर सिंह, रुद्र सिंह, क्षेत्र पंचायत सदस्य दान सिंह, पुष्कर सिंह आदि ने कहा कि अब गांव में पैदा होने वाले आलू, राजमा को बाजार तक पहुंचाने में आसानी होगी। इसके अलावा इन गांवों में हरी सब्जियों का खूब उत्पादन होता है। इन सब्जियों को बाजार तक लाने में लोगों को दिक्कत नहीं होगी। अब तक लोग अपने उत्पादों को मजदूरों और घोड़ों की मदद से बाजार तक पहुंचाया करते थे।
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