‘पैसा नहीं रोजगार दो’ के नारे लगाते हुए नैथाणा व रानीहाट की महिलाओं ने श्रीनगर बाजार में प्रदर्शन किया। आरवीएनएल (रेल विकास निगम लि) के रोजगार के बजाय पैसे देने के लालच को ठुकराते हुए महिलाओं ने अपना आक्रोश दिखाया। कहा कि आंदोलन को 40 दिन हो गए है, लेकिन आरवीएनएल (रेल विकास निगम लि) और प्रशासन उनकी मांगों को अनसुना कर रहा है।
मंगलवार को टिहरी जिले के नैथाणा व रानीहाट की महिलाओं ने पीपलचौरी से श्रीनगर गोला पार्क तक जुलूस निकाल कर प्रदर्शन किया। जुलूस के पश्चात गोला पार्क मेें आयोजित सभा में प्रदर्शनकारियों ने कहा कि ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल मार्ग परियोजना के लिए रानीहाट व नैथाणा की खेती लायक जमीन अधिग्रहीत कर ली गई। अब उनके पास नाममात्र की जमीन बची है। जमीन अधिग्रहीत करते वक्त उनको रोजगार का आश्वासन दिया गया था, लेकिन प्रभावितों को रोजगार नहीं मिला। उन्होंने कहा कि प्रभावित स्थायी रोजगार व निर्माण कार्य में भागीदारी सहित अन्य मांगों के लिए 11 जनवरी से आंदोलनरत हैं, लेकिन उनकी जायज मांगों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। हिमालय बचाओ आंदोलन के संयोजक समीर रतूड़ी ने कहा कि किसी भी परियोजना में भूमि अधिग्रहीत करने पर नौकरी का प्रावधान है। आरवीएनएल इसको लागू नहीं रहा है। इसलिए ग्रामीणों को आंदोलन करना पड़ रहा है। प्रदर्शन में प्रधान नैथाणा आशा देवी, रोशनी, भारती, संगीता, पूनम, गोदांबरी, विमला, थापा देवी, वीरा देवी, कमला, कल्पू देवी, भीम सिंह, प्रदीप राणा, राजेंद्र व विक्रम सिंह आदि शामिल थे।