फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pauri News ›   Block chain technology is the basis of secure transactions

सुरक्षित लेन-देन का आधार है ब्लाक चेन तकनीक

Tue, 21 Jul 2020 04:36 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 21 Jul 2020 04:36 PM IST
विज्ञापन
Block chain technology is the basis of secure transactions
जीबी पंत अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संस्थान घुड़दौड़ी में पांच दिवसीय ब्लाक चेन वेबिनार का शुभारंभ हो गया है, जिसमें विशेषज्ञ ब्लाक चेन की बैंकिंग, बीमा, भू-अभिलेख, डिजिटल पहचान एवं प्रमाणीकरण, स्वास्थ्य आंकड़ों, साइबर सुरक्षा, ई-गर्वनेंस, स्मार्ट कॉन्ट्रेक्ट, ई-वोटिंग में उपयोगिता पर विस्तार से जानकारी प्रदान करेंगे। वेबिनार में 350 शोधार्थी, फैकल्टी व विशेषज्ञों ने प्रतिभाग किया।
विज्ञापन

सोमवार को जीबी पंत अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संस्थान घुड़दौड़ी में आयोजित पांच दिवसीय वेबिनार का शुभारंभ मुख्य अतिथि पूर्व कुलपति कृषि विवि पंतनगर प्रो. बीएस बिष्ट ने किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि वैश्विक वित्तीय कंपनियां ब्लाक चेन के महत्व को आत्मसात करने के लिए कार्य कर रही हैं। प्रो. बिष्ट ने कहा कि विकसित देशों की सरकारें बेहतर गवर्नेंस के लिए ब्लाक चेन तकनीक के उपयोग की योजना बना रही हैं। संस्थान के निदेशक प्रो. एमपीएस चौहान व वेबिनार के संरक्षक डा. एसके वर्मा ने कहा कि ब्लाक चेन तकनीक वर्ष 2008 में विकसित हुई। इस तकनीक को सतोषी नाको मोटो ने विकसित किया, जिसमें बिटकोइन व अन्य क्रिप्टोकरेंसियों का संचालन होता है। उन्होंने कहा कि ब्लॉक चेन तकनीक बैंकिंग, बीमा, भू-अभिलेख, डिजिटल पहचान एवं प्रमाणीकरण, स्वास्थ्य आंकड़ों, साइबर सुरक्षा, ई-गर्वनेंस, स्मार्ट कॉन्ट्रेक्ट, ई-वोटिंग के क्षेत्र में सुरक्षित व उपयोगी है। कहा कि भविष्य में यह तकनीक चुनाव प्रक्रिया को डिजिटल बनाने में महत्वपूर्ण हो सकती है। आईआईआईटीडीएम जबलपुर की प्रो. अपराजिता ओझा ने कहा कि यह एक उन्नत तकनीक है, जिसे हैक नहीं किया जा सकता। इसकी प्रमाणिकता को अब दुनिया स्वीकार करने लग गई है, लेकिन भारत में अभी इस ओर कोई प्रयास नहीं हुए हैं। इस मौके पर जीकेवी हरिद्वार प्रो. मयंक अग्रवाल, कुलसचिव संदीप कुमार, विभागाध्यक्ष प्रो. एचएस भदौरिया, डा. वाई सिंह, टीक्यूप समन्वयक डा. भोला ओझा, विवेक टम्टा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed