Haldwani Hinsa: हल्द्वानी हिंसा को जिन पांच अफसरों ने कंट्रोल किया, जानिए कौन है?
Haldwani Hinsa: हल्द्वानी हिंसा मामले में पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। पुलिस उपद्रवियों की धरपकड़ में लगी हुई है। हल्द्वानी हिंसा को पांच अफसरों ने कंट्रोल किया, खबर में जानें सभी के बारे में...
विस्तार
हल्द्वानी हिंसा के दौरान अहम भूमिका निभाने वाले अधिकारी-
-डीएम वंदना
-एसएसपी प्रहलाद नारायण मीणा
-सिटी मजिस्ट्रेट ऋचा सिंह
-एसपी सिटी हरबंस सिंह
-जोनल मजिस्ट्रेट एपी बाजपेयी
डीएम वंदना- हल्द्वानी हिंसा में डीएम वंदना नायक की भूमिका में नजर आईं। हिंसा पर काबू पाने के लिए डीएम वंदना की कार्यप्रणाली की खूब सराहना हो रही है। बता दें कि, हिंसा के दौरान डीएम सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर ट्रेंड पर आ गई। धार्मिक स्थल ध्वस्त करने के कारण एक वर्ग सोशल मीडिया में डीएम के निर्णय की खूब आलोचना करते हुए उन्हें गिरफ्तार करने की मांग उठाने लगा। जिसके बाद एक्स प्लेटफॉर्म पर #ArrestVandanaSingh ट्रेंड करने लगा।
बता दें कि, आठ फरवरी को हल्द्वानी के बनभूलपुरा में बने अवैध मदरसे पर कार्रवाई के दौरान हिंसा भड़क गई थी। उपद्रवियों ने पुलिसकर्मियों पर पथराव, पेट्रोल बम और फायरिंग कर 300 से अधिक पुलिस कर्मियों, निगम कर्मियों सहित पत्रकारों को घायल कर सौ से अधिक वाहन फूंक डाले थे। साथ ही बनभूलपूरा थाने को भी आग के हवाले कर दिया था। इसी दौरान डीएम वंदना ने हिंंसा पर काबू पाने के लिए तत्काल निर्णय लिया।
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डीएम ने गोली मारने के जारी कर दिए थे आदेश
हल्द्वानी हिंसा के दौरान हालात ज्यादा बिगड़ने पर डीएम वंदना ने पुलिस को वायरलेस सेट से आदेश दिया कि उपद्रवियों को देखते ही पैरों में गोली मार दें। उसके बाद पुलिस ने हवाई फायरिंग शुरू की तो उपद्रवी तितर-बितर हो गए थे।डीएम ने इसकी जानकारी शासन को दी और साथ ही इलाके में पर्याप्त संख्या में पैरामिलिट्री फोर्स तैनात करने की मांग उठाई थी। अगले दिन ही हल्द्वानी में पैरामिलिट्री फोर्स भी तैनात कर दी गई थी।
एसएसपी प्रहलाद नारायण मीणा- हल्द्वानी हिंसा मामले में एसएसपी प्रहलाद नारायण मीणा अहम भूमिका निभा रहे है। एसएसपी की ओर से लगातार कार्रवाई की जा रही है और हिंसा से जुड़े उपद्रवियों को पकड़ने का काम किया जा रहा है। हिंसा के दौरान भी एसएसपी ने अपनी जान की परवा ना किए बिना अपने साथियों की मदद की। एसएसपी पूरे मामले को कंट्रोल करने में जुटे हुए है। हल्द्वानी हिंसा मामले में एसएसपी मीणा लगातार प्रेस वार्ता कर रहे है। एसएसपी की ओर से पुलिस टीमों का गठन किया गया है जिसे हिंसा से जुड़े उपद्रवियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाए।
बता दें कि, आठ फरवरी को जब एसएसपी को जब पता चला कि बनभूलपुरा थाने में मजिस्ट्रेट और पुलिसकर्मी फंसे हैं। तत्काल एसएसपी ने मजिस्ट्रेट को पैरों पर गोली चलाने के आदेश जारी करने को कहा। इस दौरान उन्होंने कहा कि मैडम मेरा एक-एक जवान मेरी संपत्ति है। उपद्रवी पूरी तरह बेकाबू हो गए हैं। अपने जवानों को बचाने के लिए पैरों में गोली चलाने के आदेश तुरंत जारी कीजिए। इसके करीब 15 मिनट बाद वायरलेस पर मजिस्ट्रेट ने उपद्रवियों के पैरों पर गोली चलाने के आदेश जारी किए।
एसपी सिटी हरबंस सिंह- बनभूलपुरा में पथराव और आगजनी के बीच जब फोर्स पीछे हट गई थी, तब उपद्रवियों के बीच फंसने पर एसपी सिटी हरबंस सिंह अपने साथ मौजूद महिला जवानों को बचाने के लिए अंत तक न सिर्फ डटे रहे, बल्कि जवानों को सबसे पहले निकालने के बाद आखिर में वहां से निकले। जब थाने में आग लगने की जानकारी मिली तो जवानों को बचाने के लिए दोबारा हिंसाग्रस्त क्षेत्र में घुस गए। एसपी सिटी हरबंस सिंह ने हल्द्वानी हिंसा को कंट्रोल करने में अहम भूमिका निभाई है।
हल्द्वानी हिंसा के दौरान जोनल मजिस्ट्रेट एपी बाजपेयी लगातार मामले पर नजर बनाए हुए हैं।