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Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   Tapping of tigers from camera trapping

अब देश भर में कार्बेट की तर्ज पर कैमरा ट्रैपिंग से होगी बाघों की गणना 

Thu, 25 Jan 2018 02:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, रामनगर (नैनीताल)।
अमर उजाला ब्यूरो, रामनगर (नैनीताल)। Updated Thu, 25 Jan 2018 02:14 AM IST
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कॉर्बेट टाइगर रिजर्व पार्क की तर्ज पर अब देश भर में बाघों की गणना कैमरा ट्रैपिंग विधि से की जाएगी। राष्ट्रीय बाघ प्राधिकरण की दो दिवसीय बैठक में देशभर के पार्कों के उपनिदेशकों ने कैमरा ट्रैपिंग की विधि को सराहा और नए सत्र में इसे अपनाने का फैसला लिया। 

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 कॉर्बेट पार्क के निदेशक सुरेंद्र मेहरा ने बताया कि बैठक में कॉर्बेट पार्क में अपनाई जाने वाली कैमरा ट्रैपिंग विधि के बारे में विस्तार से बताया गया। अभी तक कॉर्बेेट को छोड़ देशभर में बाघों की गणना के लिए चार वर्ग किमी में कैमरा ट्रैप लगाए जाते थे, लेकिन कॉर्बेट पार्क ने 2016-17 में कैमरा ट्रैपिंग हर दो वर्ग किमी में की थी।
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इससे सही आंकड़े व बाघों के पहचान सरलता पूर्वक हुई। इसको देख राष्ट्रीय बाघ प्राधिकरण भी प्रभावित हुआ। मेहरा ने बताया कि अब एनटीसीए द्वारा जल्द ही नए सत्र में कॉर्बेट की तर्ज पर दो वर्ग किमी में देशभर में कैमरा ट्रैप लगा बाघों की गणना की जाएगी। कम दूरी में कैमरों से विभागीय कर्मचारियों को रूटीन गश्त में आसानी होगी साथ ही जंगल की सुरक्षा व्यवस्था भी मजबूत होगी। 
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देशभर के निदेशकों ने कॉर्बेट पार्क की सुरक्षा व्यवस्था को जाना
 कार्बेट टाइगर रिजर्व की झिरना रेंज के लालढांग में आयोजित कार्यशाला में देश के सभी राज्यों के मुख्य वन्यजीव संरक्षक व देशभर के टाइगर रिजर्व के निदेशक, उपनिदेशकों ने प्रतिभाग किया। इस दौरान वनाधिकारियों को कार्बेट टाइगर रिजर्व को ट्रैफिक इंडिया से मिले दो स्निफर कुत्तों का डेमो दिया गया। कर्नाटक से गश्त के लिए आए हाथियों का प्रदर्शन भी किया गया। पार्क के उपनिदेशक अमित वर्मा ने बताया कि ड्रोन कैमरों की मदद से अपराधियों पर किस प्रकार नजर रखी जा सकती है।

कार्यक्रम के समापन से पूर्व चौड़ (ग्रासलैंड) सुधार तकनीक के अंतर्गत कार्बेट में अपनाई जा रही स्ट्रिम पद्धति की भी जानकारी दी गई। इस दौरान देशभर से आए वनाधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए। कर्नाटक के मुख्य वन्यजीव प्रतिपालक पी श्रीधर ने कर्नाटक से 2500 किमी का सफर तय कर आए हाथियों के कॉर्बेट पार्क की भाषा समझने पर खुशी जाहिर की।


समापन समारोह में एनटीसीए के एडीजी देवव्रत स्वेन, डीआईजी एनटीसीए निशात वर्मा, प्रमुख वन संरक्षक प्रतिपालक डॉ. दिग्विजय सिंह खाती, पीएस सोमशेखर, डीपी बंकवाल, कुमाऊं चीफ कपिल जोशी, कार्बेट निदेशक सुरेंद्र मेहरा, डिप्टी डायरेक्टर अमित वर्मा, डीएफओ नेहा वर्मा आदि मौजूद रहे।

 

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