{"_id":"66e3d73521fe281f120f971c","slug":"garjiya-temple-closed-for-devotees-after-flood-in-kosi-river-in-ramnagar-2024-09-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ramnagar News: भारी बारिश के बाद विकराल रूप दिखा रही कोसी, श्रद्धालुओं के लिए गर्जिया मंदिर बंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ramnagar News: भारी बारिश के बाद विकराल रूप दिखा रही कोसी, श्रद्धालुओं के लिए गर्जिया मंदिर बंद
Fri, 13 Sep 2024 11:40 AM IST
हीरा मेहरा
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
Published by: हीरा मेहरा
Updated Fri, 13 Sep 2024 11:40 AM IST
सार
गर्जिया देवी मंदिर श्रद्धालु के लिए फिलहाल बंद कर दिया गया है। मंदिर के चारों ओर कोसी नदी का पानी विकराल रूप से बह रहा है। इसको देखते हुए मंदिर समिति और पुजारी की ओर से मंदिर को फिलहाल श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिया गया है।
विज्ञापन
गर्जिया देवी मंदिर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
रामनगर का प्रसिद्ध गर्जिया देवी मंदिर श्रद्धालु के लिए फिलहाल बंद कर दिया गया है। मंदिर के चारों ओर कोसी नदी का पानी विकराल रूप से बह रहा है। इसको देखते हुए मंदिर समिति और पुजारी की ओर से मंदिर को फिलहाल श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिया गया है। नदी का जलस्तर कम होने के बाद श्रद्धालुओं के लिए मंदिर के कपाट खोले जाएंगे।
विज्ञापन
दो दिन से लगातार हो रही बारिश के बाद कोसी नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी हुई है। कोसी नदी में विकराल रूप से पानी बह रहा है। कोसी नदी में गर्जिया मंदिर परिसर पूरी तरह से पानी में डूब गया है। कोसी नदी का पानी मंदिर की सीढ़ियों तक पहुंच गया है। ऐसे में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए मंदिर समिति और मंदिर की पुजारी की ओर से मंदिर को फिलहाल बंद कर दिया गया है। वहीं सोशल मीडिया के जरिए भी श्रद्धालुओं को मंदिर में नहीं आने के कहा गया है। नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है जो चिंता का विषय है।
विज्ञापन
ये पढ़ें- भारी बारिश से मची तबाही: उप शिक्षाधिकारी कार्यालय में घुसा बारिश का पानी और मलबा, भवन को खतरा; देखें तस्वीरें
विज्ञापन
मंदिर के मुख्य पुजारी मनोज पांडे ने बताया फिलहाल कोसी नदी में बाढ़ के हालात हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए मंदिर को बंद किया गया है। नदी का जलस्तर कम होने के बाद मंदिर को श्रद्धालुओं के लिए खोला जाएगा।