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जब ‘बड़े’ निकले बाहर तब दिखी शिक्षा की हकीकत

Tue, 07 Nov 2017 02:18 AM IST
Updated Tue, 07 Nov 2017 02:18 AM IST
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जब ‘बड़े’ निकले बाहर तब दिखी शिक्षा की हकीकत
नैनीताल। सरकारी स्कूलों में पठन-पाठन और व्यवस्थाओं का हाल किसी से छिपा नहीं है। हर कोई जानता है कि वहां नौनिहाल किस हाल में पढ़ रहे हैं। पढ़ाई की गुणवत्ता क्या है। जिनके कंधों पर व्यवस्था सुधारने की जिम्मेदारी है वे सब चलता है की तर्ज पर इसकी अनदेखी कर रहे हैं। मुख्यमंत्री के आदेश पर अधिकारियों को स्कूलों के भ्रमण का फरमान क्या मिला एक बार फिर असली तस्वीर सामने आ गई। कमिश्नर चंद्रशेखर भट्ट खुर्पाताल क्षेत्र के प्राथमिक, राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज पहुंचे तो बच्चे उनके सवालों के जवाब नहीं दे पाए। कमिश्नर ने अपना गुस्सा शिक्षकों पर उतारा। फटकार लगाकर पढ़ाई का स्तर सुधारने को भी कहा।
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राज्य की स्थापना दिवस पर हो रहे कार्यक्रमों के तहत मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्कूलों में जाने के निर्देश दिए हैं। इस क्रम में कमिश्नर भी तीन स्कूलों में पहुंचे और प्राथमिक से लेकर इंटरमीडिएट तक के बच्चों से गणित, अंग्रेजी और विज्ञान से संबंधित कई सवाल पूछे। अधिकतर बच्चों के पास जवाब नहीं थे। इस पर उन्होंने जीजीआईसी की प्रधानाचार्य लता पांडे को निर्देश दिए कि वह नियमित रूप से कक्षाओं का निरीक्षण करें तथा शिक्षकों से प्रत्येक कक्षा के बच्चों का फीडबैक लें। आयुक्त को बताया गया कि प्राथमिक विद्यालय खुर्पाताल में 10 विद्यार्थी पंजीकृत हैं जिन्हें पढ़ाने के लिए प्रधानाचार्य व एक सहायक अध्यापिका तैनात है। इसी तरह उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में 21 विद्यार्थियों पर 4 शिक्षक तैनात हैं। जीजीआईसी में विभिन्न कक्षाओं में 109 बच्चों पर प्रधानाचार्य तथा 20 अध्यापिकायें तैनात हैं। निरीक्षण के दौरान तीनों विद्यालयों में सभी शिक्षक ड्यूटी पर तैनात मिले। निरीक्षण दौरान ग्राम प्रधान मनमोहन कनवाल, तहसीलदार कृष्ण कुमार आर्या मौजूद थे।
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केएमवीएन के एमडी जीआईसी की अव्यवस्थाओं पर नाराज

कुमाऊं मंडल विकास निगम के प्रबंध निदेशक और मंडी परिषद के निदेशक धीराज सिंह गर्ब्याल ने मोतीनगर राजकीय इंटर कालेज और प्राथमिक विद्यालय में छात्र-छात्राओं से संवाद कायम किया। पहले तो छात्र-छात्राएं उनसे बात करने मे झिझकते रहे लेकिन जब गर्ब्याल ने उनके बीच बैठकर मित्रवत बातचीत की तो सभी खुलकर संवाद करने लगे। हालांकि एमडी जीआईसी की अव्यवस्थाओं पर नाराज हुए। गर्ब्याल ने कक्षा 7 में भूगोल और 11वीं के छात्रों को फि जिक्स एवं गणित पढ़ाई।
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निरीक्षण के दौरान यह बात सामने आई कि फ ोरलेन सड़क निर्माण के कारण विद्यालय का मैदान एवं विद्यालय भवन सड़क निर्माण के लिए चिन्हीकरण कर लिया गया है। विद्यालयों के भवन ध्वस्त होने से शिक्षण कार्य प्रभावित होगा। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक हीरालाल गौतम को निर्देश दिये कि वह विद्यालय के पुराने भवन जो ध्वस्त होने हैं उन्हें तत्काल ध्वस्त कराकर नये भवनों के निर्माण की दिशा में सड़क निर्माण से पूर्व कार्यवाही करें। मध्याह्न भोजन योजना के अंतर्गत रसोई में लकड़ी से बन रहे भोजन पर नाराजगी व्यक्त की। मोतीनगर प्राथमिक विद्यालय में गैस कनेक्शन तो था परंतु डीबीसी के तहत दूसरा सिलेंडर नही था। निरीक्षण के दौरान डीईओ गौतम, प्रभारी प्रधानाचार्य गिरीश चंद्र जोशी, धर्म सिंह, ओमप्रकाश गौतम आदि मौजूद थे।
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