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बिंदुखत्ता को राजस्व गांव बनाए जाने की मांग को लेकर भूमिहिन संगठन ने दिया मुख्य सचिव को ज्ञापन ।
Updated Fri, 26 Jan 2018 02:34 AM IST
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लालकुआं (नैनीताल)। भूमिहीन संगठन के पदाधिकारियों ने बृहस्पतिवार को तहसीलदार नवीन रजवार के माध्यम से मुख्य सचिव को ज्ञापन भेजा। इसमें बिंदुखत्ता को राजस्व गांव का दर्जा देने समेत आठ सूत्री मांगें शामिल थीं।
ज्ञापन में भूमिहीन संगठन से जुड़े ग्रामीणों ने बताया कि मूल बिंदुखत्ता 100 साल से अधिक पुराना वनग्राम है जबकि पिछले 39 वर्षों से इस गांव की आबादी तेजी से बढ़ती जा रही है। इसके बावजूद बिंदुखत्ता की जमीन को डी फॉरेस्ट घोषित नहीं किया जा सका है। इस कारण यह राजस्व गांव नहीं बन सका। इसी कारण वहां बसे परिवारों को मूलभूत बुनियादी सुविधाओं से वंचित रहना पड़ा है। वर्ष 2005 से शुरू हुआ विद्युतीकरण कार्य 2011 से बंद है। उन्होंने बिंदुखत्ता को राजस्व गांव बनाने, दुग्ध विकास प्रबंधन, सहकारिता को बचाने की मांग की है। ज्ञापन सौंपने वालों में संगठन के अध्यक्ष धरम सिंह, महामंत्री ज्ञान सिंह गुसांईं, नगर कांग्रेस अध्यक्ष सरदार गुरदीप सिंह, गोविंद बल्लभ जोशी, मन्नू तुलेड़ा, गुरदयाल सिंह मेहरा, रमेश पाठक, हरीश अंडोला, पूरन पांडे, नंदाबल्लभ जोशी, रणजीत कनवाल, गिरधर सिंह बम, मोहन जोशी, हर्ष बिष्ट, नवीन जोशी आदि थे।
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ज्ञापन में भूमिहीन संगठन से जुड़े ग्रामीणों ने बताया कि मूल बिंदुखत्ता 100 साल से अधिक पुराना वनग्राम है जबकि पिछले 39 वर्षों से इस गांव की आबादी तेजी से बढ़ती जा रही है। इसके बावजूद बिंदुखत्ता की जमीन को डी फॉरेस्ट घोषित नहीं किया जा सका है। इस कारण यह राजस्व गांव नहीं बन सका। इसी कारण वहां बसे परिवारों को मूलभूत बुनियादी सुविधाओं से वंचित रहना पड़ा है। वर्ष 2005 से शुरू हुआ विद्युतीकरण कार्य 2011 से बंद है। उन्होंने बिंदुखत्ता को राजस्व गांव बनाने, दुग्ध विकास प्रबंधन, सहकारिता को बचाने की मांग की है। ज्ञापन सौंपने वालों में संगठन के अध्यक्ष धरम सिंह, महामंत्री ज्ञान सिंह गुसांईं, नगर कांग्रेस अध्यक्ष सरदार गुरदीप सिंह, गोविंद बल्लभ जोशी, मन्नू तुलेड़ा, गुरदयाल सिंह मेहरा, रमेश पाठक, हरीश अंडोला, पूरन पांडे, नंदाबल्लभ जोशी, रणजीत कनवाल, गिरधर सिंह बम, मोहन जोशी, हर्ष बिष्ट, नवीन जोशी आदि थे।
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