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दूसरे अधिकारी तो दूर, खुद डीएम भी नहीं आए
अमर उजाला ब्यूरो हरिद्वार
Updated Tue, 16 May 2017 11:17 PM IST
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क्षेत्र पंचायतों को विकास का प्रमुख आधार बताते हुए सभी अधिकारियों को बैठकों में उपस्थित रहने की हिदायत देने और खुद भी हर बैठक में पहुंचने का दावा करने वाले जिलाधिकारी दीपक रावत खुद ही बैठक में नहीं पहुंचे। अधिकतर विभागों के अधिकारी भी नदारद रहे। बैठक में भाग लेने आए विधायक सुरेश राठौर ने आरोप लगाया कि अधिकारी जनता की उपेक्षा कर रहे हैं। बीडीसी सदस्यों ने भी जमकर हंगामा किया जिससे बैठक कुछ देर बाद ही समाप्त हो गई।
मंगलवार को बहरादराबाद क्षेत्र पंचायत की बैठक में अधिकारियों को उपस्थित रहने के डीएम दीपक रावत के निर्देश का अधिकारियों पर कोई असर नहीं दिखा। कुछ अफसरों ने अपने अधीनस्थों को बैठक में भेजकर इतिश्री कर ली। ज्वालापुर के विधायक सुरेश राठौर ने अधिकारियों की अनुपस्थिति को गंभीरता से लिया। कहा कि जब अधिकारी ही नहीं आए तो फिर ऐसी बैठकों का औचित्य ही क्या है। उन्होंने उपस्थिति रजिस्टर मंगाकर उपस्थिति लगवाई और इस बारे में सरकार के सामने भी मुद्दा उठाने की बात कही। उन्होंने कहा कि अधिकारी अपना रवैया बदल लें, क्योंकि अब सरकार बदल चुकी है। विधायक के बाद बीडीसी सदस्य भी भड़क गए और अधिकारियों पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए बैठक से बाहर आकर जमकर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
बैठक में मौजूद जिला पंचायत राज अधिकारी आरसी त्रिपाठी ने सफाई दी कि जिलाधिकारी को एक अति जरूरी बैठक में जाना पड़ा जिससे वे नहीं पहुंच पाए। इस पर भी सदस्य शांत नहीं हुए।
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कुछ देर तक चली बैठक में जिला पंचायत राज अधिकारी ने स्वच्छता अभियान के बारे जानकारी दी। उन्होंने कहा कि शत-प्रतिशत शौचालय बनाने के मामले में बहादराबाद ब्लॉक जिले में सबसे पीछे है। जिला पंचायत सदस्य रोशनलाल ने कहा कि 14वें वित्त का पैसा क्षेत्र और जिला पंचायतों को भी मिलना चाहिए। उन्होंने रावली महदूद में तालाब के सुंदरीकरण और तालाब को ूमाफियाओं से मुक्त कराने की मांग की।
बैठक की अध्यक्षता ब्लॉक प्रमुख सुरेशो देवी और संचालन ग्राम विकास अधिकारी विनोद मिश्रा ने किया। बैठक में परियोजना अधिकारी बालकृष्ण, जिला पंचायत उपाध्यक्ष राव आफाक अली, उप ब्लाक प्रमुख ललिता चौहान, समाज कल्याण अधिकारी टीआर मलेठा, एटीओ मंजू सिंह अनीता देवरानी,जसवंत चौहान प्रियव्रत, सरिता, माया, नीलम, शौकीन, मीनाक्षी, पंकज चौहान, उषा सैनी, तरन्नुम, जयंत चौहान, मुकर्रम अली, नीरज चौहान, कृष्ण कुमार लल्ला, चन्दन चौहान प्रदीप सैनी, नरेश जायसवाल, डा. सावन कुमार, प्रमोद त्यागी, राजवीर सिंह, केसी शर्मा, आशुतोष सैनी, प्रधान राजेश सैनी, रूपेश प्रधान, प्रीतम सिंह आदि सदस्य, ग्राम प्रधान औक्र अधिकारी तथा कर्मचारी उपस्थित रहे।
बीडीओ ट्रांसफर करा लें
विधायक सुरेश राठौर ने बैठक में मौजूद खंड विकास अधिकारी शिवरानी चौहान को हिदायत दी कि यदि वह काम नहीं करना चाहती हैं तो अपना स्थानांतरण कहीं अन्य जगह करा लें। हमारे क्षेत्र में काम करने वाले अधिकारी की जरूरत है।
बोले जिलाधिकारी
मुझे शासन में अति महत्वपूर्ण बैठक में भाग लेने के लिए जाना पड़ा। ऐसे में बैठक में नहीं हो सका। अगली बैठक में जरूर जाऊंगा, जो अन्य अधिकारी बिना किसी ठोस कारण के बैठक में नहीं पहुंचे उनका स्पष्टीकरण तलब किया जा रहा है। उनका वेतन काटने के आदेश दिए जाएंगे। बीडीसी की बैठकें विकास के नजरिए से काफी महत्वपूर्ण हैं उनमें सभी अफसरों का होना बेहद जरूरी है। - दीपक रावत, जिलाधिकारी
मंगलवार को बहरादराबाद क्षेत्र पंचायत की बैठक में अधिकारियों को उपस्थित रहने के डीएम दीपक रावत के निर्देश का अधिकारियों पर कोई असर नहीं दिखा। कुछ अफसरों ने अपने अधीनस्थों को बैठक में भेजकर इतिश्री कर ली। ज्वालापुर के विधायक सुरेश राठौर ने अधिकारियों की अनुपस्थिति को गंभीरता से लिया। कहा कि जब अधिकारी ही नहीं आए तो फिर ऐसी बैठकों का औचित्य ही क्या है। उन्होंने उपस्थिति रजिस्टर मंगाकर उपस्थिति लगवाई और इस बारे में सरकार के सामने भी मुद्दा उठाने की बात कही। उन्होंने कहा कि अधिकारी अपना रवैया बदल लें, क्योंकि अब सरकार बदल चुकी है। विधायक के बाद बीडीसी सदस्य भी भड़क गए और अधिकारियों पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए बैठक से बाहर आकर जमकर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
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बैठक में मौजूद जिला पंचायत राज अधिकारी आरसी त्रिपाठी ने सफाई दी कि जिलाधिकारी को एक अति जरूरी बैठक में जाना पड़ा जिससे वे नहीं पहुंच पाए। इस पर भी सदस्य शांत नहीं हुए।
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कुछ देर तक चली बैठक में जिला पंचायत राज अधिकारी ने स्वच्छता अभियान के बारे जानकारी दी। उन्होंने कहा कि शत-प्रतिशत शौचालय बनाने के मामले में बहादराबाद ब्लॉक जिले में सबसे पीछे है। जिला पंचायत सदस्य रोशनलाल ने कहा कि 14वें वित्त का पैसा क्षेत्र और जिला पंचायतों को भी मिलना चाहिए। उन्होंने रावली महदूद में तालाब के सुंदरीकरण और तालाब को ूमाफियाओं से मुक्त कराने की मांग की।
बैठक की अध्यक्षता ब्लॉक प्रमुख सुरेशो देवी और संचालन ग्राम विकास अधिकारी विनोद मिश्रा ने किया। बैठक में परियोजना अधिकारी बालकृष्ण, जिला पंचायत उपाध्यक्ष राव आफाक अली, उप ब्लाक प्रमुख ललिता चौहान, समाज कल्याण अधिकारी टीआर मलेठा, एटीओ मंजू सिंह अनीता देवरानी,जसवंत चौहान प्रियव्रत, सरिता, माया, नीलम, शौकीन, मीनाक्षी, पंकज चौहान, उषा सैनी, तरन्नुम, जयंत चौहान, मुकर्रम अली, नीरज चौहान, कृष्ण कुमार लल्ला, चन्दन चौहान प्रदीप सैनी, नरेश जायसवाल, डा. सावन कुमार, प्रमोद त्यागी, राजवीर सिंह, केसी शर्मा, आशुतोष सैनी, प्रधान राजेश सैनी, रूपेश प्रधान, प्रीतम सिंह आदि सदस्य, ग्राम प्रधान औक्र अधिकारी तथा कर्मचारी उपस्थित रहे।
बीडीओ ट्रांसफर करा लें
विधायक सुरेश राठौर ने बैठक में मौजूद खंड विकास अधिकारी शिवरानी चौहान को हिदायत दी कि यदि वह काम नहीं करना चाहती हैं तो अपना स्थानांतरण कहीं अन्य जगह करा लें। हमारे क्षेत्र में काम करने वाले अधिकारी की जरूरत है।
बोले जिलाधिकारी
मुझे शासन में अति महत्वपूर्ण बैठक में भाग लेने के लिए जाना पड़ा। ऐसे में बैठक में नहीं हो सका। अगली बैठक में जरूर जाऊंगा, जो अन्य अधिकारी बिना किसी ठोस कारण के बैठक में नहीं पहुंचे उनका स्पष्टीकरण तलब किया जा रहा है। उनका वेतन काटने के आदेश दिए जाएंगे। बीडीसी की बैठकें विकास के नजरिए से काफी महत्वपूर्ण हैं उनमें सभी अफसरों का होना बेहद जरूरी है। - दीपक रावत, जिलाधिकारी