{"_id":"5ad62a9f4f1c1b9f098b5115","slug":"51523985055-haridwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कनाडा में नौकरी के नाम पर ढाई लाख की रकम ठगी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
कनाडा में नौकरी के नाम पर ढाई लाख की रकम ठगी
Updated Tue, 17 Apr 2018 10:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
कनाडा में नौकरी दिलाने के नाम पर एक युवक से ढाई लाख की रकम ठग ली गई। पीड़ित ने इस संबंध में कोतवाली ज्वालापुर में केस दर्ज कराया है।
श्री रामनगर कालोनी निवासी ध्रुव धवन पुत्र एससी धवन देहरादून में खन्ना पेपर मिल में रीजनल मैनेजर है। फरवरी माह में इंटरनेट के माध्यम से कैनेडियल नेचुरल रिसोर्सिस लिमिटेड कंपनी से जॉब ऑफर हुई थी। प्लानिंग मैनेजर के लिए कंपनी ने साढ़े तीन लाख प्रतिमाह देने की बात कही थी, लेकिन बाद में चार लाख रुपये प्रतिमाह की तनख्वाह पर बात तय हो गई थी। आरोप है कि कंपनी ने टिन फिसर नाम के व्यक्ति का मोबाइल फोन उसे उपलब्ध कराया था। कहा था कि आगे की बातचीत यह आदमी ही करेगा।
आरोप है कि खुद को कनाडा एंबेसी में कार्यरत बताने वाले टिन फिसर ने विहप्यू कैनी एवं अवांग के एसबीआई खाते में वीजा फीस के नाम पर कुछ रकम ट्रांसफर करने को कहा। युवक ने कई बार में ढाई लाख की रकम ट्रांसफर कर दी। इसी दौरान पिटर डोनाल्ड नाम के व्यक्ति का भी कॉल आया, जिसने फिर से डेढ़ लाख जमा करने को कहा। संदेह होने पर जब उसने कनाडा में रह रहे रिश्तेदार से संपर्क साधकर पूरे मामले की जानकारी ली तो पता चला कि कंपनी ने ऐसी कोई प्रक्रिया ही नहीं की है।
कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि एसबीआई शाखा नागालैंड के पुराना बाजार नहारबरापियो दीमापुर ईस्ट और रानगा पहार दीमापुर में रकम जमा कराई गई है। पूरे मामले की पड़ताल कर रहे हैं।
हरिद्वार।
कनाडा में नौकरी दिलाने के नाम पर एक युवक से ढाई लाख की रकम ठग ली गई। पीड़ित ने इस संबंध में कोतवाली ज्वालापुर में केस दर्ज कराया है।
श्री रामनगर कालोनी निवासी ध्रुव धवन पुत्र एससी धवन देहरादून में खन्ना पेपर मिल में रीजनल मैनेजर है। फरवरी माह में इंटरनेट के माध्यम से कैनेडियल नेचुरल रिसोर्सिस लिमिटेड कंपनी से जॉब ऑफर हुई थी। प्लानिंग मैनेजर के लिए कंपनी ने साढ़े तीन लाख प्रतिमाह देने की बात कही थी, लेकिन बाद में चार लाख रुपये प्रतिमाह की तनख्वाह पर बात तय हो गई थी। आरोप है कि कंपनी ने टिन फिसर नाम के व्यक्ति का मोबाइल फोन उसे उपलब्ध कराया था। कहा था कि आगे की बातचीत यह आदमी ही करेगा।
आरोप है कि खुद को कनाडा एंबेसी में कार्यरत बताने वाले टिन फिसर ने विहप्यू कैनी एवं अवांग के एसबीआई खाते में वीजा फीस के नाम पर कुछ रकम ट्रांसफर करने को कहा। युवक ने कई बार में ढाई लाख की रकम ट्रांसफर कर दी। इसी दौरान पिटर डोनाल्ड नाम के व्यक्ति का भी कॉल आया, जिसने फिर से डेढ़ लाख जमा करने को कहा। संदेह होने पर जब उसने कनाडा में रह रहे रिश्तेदार से संपर्क साधकर पूरे मामले की जानकारी ली तो पता चला कि कंपनी ने ऐसी कोई प्रक्रिया ही नहीं की है।
विज्ञापन
कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि एसबीआई शाखा नागालैंड के पुराना बाजार नहारबरापियो दीमापुर ईस्ट और रानगा पहार दीमापुर में रकम जमा कराई गई है। पूरे मामले की पड़ताल कर रहे हैं।
विज्ञापन