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भगत सिंह चौक के पास बेशकीमती जमीन पर भेल का हक
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एसडीएम पूरन सिंह राणा की कोर्ट ने भेल से जुड़े छह साल पुराने जमीनी विवाद में अपना निर्णय दे दिया है। जमीन को भेल का ही माना है। जमीन को अपनी बताने वाले व्यक्ति के तर्क सही नहीं मिलने पर उनका दावा खारिज कर दिया गया है।
एसडीएम पूरन सिंह राणा ने बताया कि छह साल पहले एक व्यक्ति ने भगत सिंह चौक के पास स्थित जमीन को अपनी बताते हुए एसडीएम कोर्ट में वाद दायर किया था। भेल की जमीन को अपने बताने वाले ने दावा किया था कि 2 बीघा 5 बिसवा जमीन का भेल प्रशासन ने आज तक अधिग्रहण नहीं किया है। जबकि इस जमीन पर भेल प्रशासन अपना हक जताता है। वहीं, भेल प्रशासन का कहना था कि गजट के तहत इस जमीन का अधिग्रहण भेल की ओर से किया जा चुका है। इसके दस्तावेज भी भेल प्रशासन ने एसडीएम की कोर्ट में दिए थे।
एसडीएम पूरण सिंह राणा ने विवादित जमीन का मौका मुआयना करने के साथ ही संबंधित दस्तावेजों को भी खंगाला था। पूरी जांच पड़ताल करने के बाद पता चला कि जमीन का अधिग्रहण पूर्व में किया जा चुका है। दूसरा पक्ष अधिग्रहण करने का मुआवजा भी प्राप्त कर चुके हैं। जिससे दूसरे पक्ष के दावे सही नहीं पाए जाने पर एसडीएम ने जमीन को भेल के नाम ही करने का फैसला सुना दिया है।
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एसडीएम पूरन सिंह राणा ने बताया कि छह साल पहले एक व्यक्ति ने भगत सिंह चौक के पास स्थित जमीन को अपनी बताते हुए एसडीएम कोर्ट में वाद दायर किया था। भेल की जमीन को अपने बताने वाले ने दावा किया था कि 2 बीघा 5 बिसवा जमीन का भेल प्रशासन ने आज तक अधिग्रहण नहीं किया है। जबकि इस जमीन पर भेल प्रशासन अपना हक जताता है। वहीं, भेल प्रशासन का कहना था कि गजट के तहत इस जमीन का अधिग्रहण भेल की ओर से किया जा चुका है। इसके दस्तावेज भी भेल प्रशासन ने एसडीएम की कोर्ट में दिए थे।
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एसडीएम पूरण सिंह राणा ने विवादित जमीन का मौका मुआयना करने के साथ ही संबंधित दस्तावेजों को भी खंगाला था। पूरी जांच पड़ताल करने के बाद पता चला कि जमीन का अधिग्रहण पूर्व में किया जा चुका है। दूसरा पक्ष अधिग्रहण करने का मुआवजा भी प्राप्त कर चुके हैं। जिससे दूसरे पक्ष के दावे सही नहीं पाए जाने पर एसडीएम ने जमीन को भेल के नाम ही करने का फैसला सुना दिया है।
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