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...मोहन भागवत के हिंदुत्व एजेंडे में गंगा की रक्षा शामिल न होने पर मातृसदन ने साधा निशाना
Updated Wed, 27 Jun 2018 11:57 PM IST
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हरिद्वार। मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक के सरसंघ चालक मोहन भागवत के हिंदुत्व के एजेंडे में गंगा की रक्षा शामिल नहीं होने पर सवाल उठाए हैं। दूसरी तरफ गंगा रक्षा के लिए प्रसिद्ध पर्यावरण विज्ञानी प्रो. जीडी अग्रवाल उर्फ स्वामी ज्ञानस्वरूप सानंद सरस्वती के अनशन छठे दिन भी जारी रहा। तहसीलदार सुनैना राणा अनशन खत्म करने के लिए उनको मनाने पहुंची लेकिन उन्होंने बिना मांग माने अनशन खत्म करने से इन्कार कर दिया।
बुधवार को प्रशासन की तरफ से तहसीलदार सुनैना राणा मातृसदन पहुंची। उन्होंने स्वामी सानंद से वार्ता की और अनशन तोड़ने को आग्रह किया। स्वामी सानंद की मांगों पर तहसीलदार कोई आश्वासन नहीं दे सकी। इसलिए उन्होंने अनशन खत्म करने से इन्कार कर दिया। इस दौरान जिला अस्पताल के डाक्टरों की टीम ने उनके स्वास्थ्य की जांच की। मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि उनकी मांगे एक तहसीलदार अधीन नहीं आती है। उन्होंने हरिद्वार पहुंचे राष्ट्रीय स्वयंसेवक के सरसंघ चालक मोहन भागवत के द्वारा गंगा की रक्षा और अविरलता के लिए कोई बात न करने पर अफसोस जताया। उन्होंने कहा कि अपने को हिंदू धर्म का रक्षक बताने वाले को गंगा मैया की कोई फिक्र नहीं है। हरिद्वार में रहने वाले स्वामी अवधेशानंद महाराज को उनके अनशन की जानकारी थी तो भी मोहन भागवत से वार्ता नहीं की। स्वामी शिवानंद ने कहा कि ऐसे में साफ प्रतीत होता है कि गंगा के नाम पर भाजपा और उसके अनुसांगिक संगठन राजनीति करते हैं।
बुधवार को प्रशासन की तरफ से तहसीलदार सुनैना राणा मातृसदन पहुंची। उन्होंने स्वामी सानंद से वार्ता की और अनशन तोड़ने को आग्रह किया। स्वामी सानंद की मांगों पर तहसीलदार कोई आश्वासन नहीं दे सकी। इसलिए उन्होंने अनशन खत्म करने से इन्कार कर दिया। इस दौरान जिला अस्पताल के डाक्टरों की टीम ने उनके स्वास्थ्य की जांच की। मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि उनकी मांगे एक तहसीलदार अधीन नहीं आती है। उन्होंने हरिद्वार पहुंचे राष्ट्रीय स्वयंसेवक के सरसंघ चालक मोहन भागवत के द्वारा गंगा की रक्षा और अविरलता के लिए कोई बात न करने पर अफसोस जताया। उन्होंने कहा कि अपने को हिंदू धर्म का रक्षक बताने वाले को गंगा मैया की कोई फिक्र नहीं है। हरिद्वार में रहने वाले स्वामी अवधेशानंद महाराज को उनके अनशन की जानकारी थी तो भी मोहन भागवत से वार्ता नहीं की। स्वामी शिवानंद ने कहा कि ऐसे में साफ प्रतीत होता है कि गंगा के नाम पर भाजपा और उसके अनुसांगिक संगठन राजनीति करते हैं।
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