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युगाण्डा में हुआ 10
Updated Tue, 03 Apr 2018 11:00 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
पूर्वी अफ्रीका के देश युगांडा की राजधानी कंपाला में शांतिकुंज की ओर से 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया गया। युगांडावासियों ने समाज के विकास में चलाए जा रहे रचनात्मक कार्यक्रमों में हिस्सा लेने का संकल्प जताया।
शांतिकुंज मीडिया विभाग के अनुसार पूर्वी अफ्रीका के युगांडा में शांतिकुंज की ओर से 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन हुआ। प्रवासी भारतीयों के अलावा बड़ी संख्या में युगांडा के मूल निवासियों ने भी श्रद्धा भावना के साथ यज्ञ में प्रतिभाग किया। अधिकतर युवा भारतीय वेशभूषा में नजर आए।
इस अवसर पर देवसंस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति और टीम प्रमुख डा. चिन्मय पंड्या ने मानव जीवन की गरिमा पर विशेष व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि मानव जीवन कई जन्मों के सौभाग्य से मिलता है। इस जीवन का लक्ष्य निर्धारित कर संकल्प के साथ उस दिशा में आगे बढ़ें। इस यज्ञ आयोजन में भारतीय परंपरा के अनुसार बड़ी संख्या में विभिन्न संस्कार संपन्न कराए गए। शांतिकुंज से शांतिभाई पटेल, ओंकार पाटीदार, वसंत यादव और रामावतार पाटीदार की टोली भी इस मौके पर मौजूद थीं। मंगलवार को देवसंस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डा. चिन्मय पंड्या ने युगांडा के प्रधानमंत्री रुहाकान रुगुंडा से प्रधानमंत्री कार्यालय में भेंट की। इस अवसर पर उन्हें डा. चिन्मय ने गायत्री परिवार व देवसंस्कृति विवि के विभिन्न रचनात्मक कार्यक्रमों की जानकारी दी। प्रधानमंत्री रुगुंडा ने देश-विदेश में गायत्री परिवार के नैतिक कार्यों को सराहा।
हरिद्वार।
पूर्वी अफ्रीका के देश युगांडा की राजधानी कंपाला में शांतिकुंज की ओर से 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन किया गया। युगांडावासियों ने समाज के विकास में चलाए जा रहे रचनात्मक कार्यक्रमों में हिस्सा लेने का संकल्प जताया।
शांतिकुंज मीडिया विभाग के अनुसार पूर्वी अफ्रीका के युगांडा में शांतिकुंज की ओर से 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ का आयोजन हुआ। प्रवासी भारतीयों के अलावा बड़ी संख्या में युगांडा के मूल निवासियों ने भी श्रद्धा भावना के साथ यज्ञ में प्रतिभाग किया। अधिकतर युवा भारतीय वेशभूषा में नजर आए।
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इस अवसर पर देवसंस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति और टीम प्रमुख डा. चिन्मय पंड्या ने मानव जीवन की गरिमा पर विशेष व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि मानव जीवन कई जन्मों के सौभाग्य से मिलता है। इस जीवन का लक्ष्य निर्धारित कर संकल्प के साथ उस दिशा में आगे बढ़ें। इस यज्ञ आयोजन में भारतीय परंपरा के अनुसार बड़ी संख्या में विभिन्न संस्कार संपन्न कराए गए। शांतिकुंज से शांतिभाई पटेल, ओंकार पाटीदार, वसंत यादव और रामावतार पाटीदार की टोली भी इस मौके पर मौजूद थीं। मंगलवार को देवसंस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डा. चिन्मय पंड्या ने युगांडा के प्रधानमंत्री रुहाकान रुगुंडा से प्रधानमंत्री कार्यालय में भेंट की। इस अवसर पर उन्हें डा. चिन्मय ने गायत्री परिवार व देवसंस्कृति विवि के विभिन्न रचनात्मक कार्यक्रमों की जानकारी दी। प्रधानमंत्री रुगुंडा ने देश-विदेश में गायत्री परिवार के नैतिक कार्यों को सराहा।
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