फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   Girls students deprived of Gaura Devi Kanyadhan Yojana demonstrated

Champawat News: गौरा देवी कन्याधन योजना से वंचित छात्राओं ने किया प्रदर्शन

Mon, 06 May 2024 11:21 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत Updated Mon, 06 May 2024 11:21 PM IST
विज्ञापन
Girls students deprived of Gaura Devi Kanyadhan Yojana demonstrated
चंपावत। प्रदेश सरकार की ओर से संचालित गौरा देवी कन्या धन योजना से वंचित वर्ष 2017-2018 में इंटरमीडिएट उत्तीर्ण छात्राओं ने सोमवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। उन्होंने कलक्ट्रेट और बाल विकास विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रभारी जिलाधिकारी हेमंत वर्मा के माध्यम से सीएम को ज्ञापन भेजा।
विज्ञापन

छात्राओं ने कहा कि सरकार इंटरमीडिएट परीक्षा उत्तीर्ण करने वाली गरीब छात्राओं को गौरा देवी कन्या धन योजना का लाभ देती थी। लेकिन 2017-2018 में इंटरमीडिएट उत्तीर्ण करने वाली छात्राओं को योजना का लाभ आज तक नहीं मिल पाया है। इसको लेकर कई बार शासन-प्रशासन से शिकायत की जा चुकी है लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। 12वीं उत्तीर्ण करने वाली सभी छात्राओं ने उचित मानदंडों के अनुरूप आवेदन पत्रों को समय सीमा के भीतर जमा किया था।
विज्ञापन

जब छात्राओं ने समाज कल्याण विभाग से जानकारी लेनी चाही तो उन्होंने बाल विकास विभाग का रास्ता दिखा दिया। प्रदर्शन करने और ज्ञापन देने वालों में गीता जोशी, मनीष मेहता, मनीष भट्ट, ज्योति पचौली, बबीता आर्या, लता लडवाल, पूजा गहतोड़ी, कंचन पंत, पलक चिल्कोटी, ज्योति जोशी, दीपा भंडारी, बबिता चिल्कोटी, सुमन, पूजा जोशी, पूजा विश्वकर्मा, नीरू तिवारी, पिंकी राय, नेहा जोशी, सुनीता, कविता, आरती माहरा आदि शामिल रही।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोट
एक ओर सरकार बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का संदेश देकर उन्हें समाज में पुरुष वर्ग के समकक्ष लाने का प्रयास कर रही है, वहीं दूसरी ओर छात्राओं के अधिकारों का हनन कर रही है। जिस धनराशि की मदद से अनेक छात्राएं अपना भविष्य और शैक्षिक स्थिति सुधार सकती थी वह उन्हें मिली ही नहीं। - पूजा जोशी, छात्रा।
कोट
गरीब माता-पिता ने जैसे तैसे उन्हें पढ़ाया लिखाया और इंटरमीडिएट उत्तीर्ण कराया। वर्तमान में कई छात्राओं की शादी हो गई है । लेकिन अभी तक माता-पिता की ओर से शादी के लिए लिया गया कर्ज तक नहीं उतरा है। मुख्यमंत्री को चाहिए कि सभी पात्र छात्राओं को धनराशि का भुगतान करें। - आशा सामंत, छात्रा।

कोट
शासन की ओर से 2018 तक नंदा गौरा कन्या धन योजना में सात चरणों में पांच पांच हजार की धनराशि लाभार्थी को दी जाती थी। शासन ने वर्ष 2021 से इस राशि को बढ़ाकर 50 हजार किया गया है। जो मानक पूरे करती हैं उन्हें धनराशि का भुगतान किया गया है। - आरपी बिष्ट, जिला कार्यक्रम अधिकारी, बाल विकास चंपावत।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed