Champawat: उचौलीगोठ में रात में चार बार घुसा हाथी, सब्जी और गेहूं की फसल रौंदी; ग्रामीणों ने बमुश्किल भगाया
शारदा वन रेंज से सटे उचौलीगोठ क्षेत्र में हाथी ने शुक्रवार देर रात चार बार घुसकर उत्पात मचाया। ग्रामीण हाथी को रात भर भगाते रहे। हाथी अनेक ग्रामीणों की गेहूं और अन्य सब्जी की फसल को रौंदते हुए निकला।
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चंपावत जिले में टनकपुर के शारदा वन रेंज से सटे उचौलीगोठ क्षेत्र में हाथी ने शुक्रवार देर रात चार बार घुसकर उत्पात मचाया। ग्रामीण हाथी को रात भर भगाते रहे। हाथी अनेक ग्रामीणों की गेहूं और अन्य सब्जी की फसल को रौंदते हुए निकला। वन विभाग की टीम ने क्षतिग्रस्त सोलर फेंसिंग लाइन की मरम्मत तो करा दी लेकिन बैटरी खराब हो गई। इसे बदल कर अब करंट दौड़ा दिया है। हाथी के बार बार गांव में घुसने से ग्रामीणों में दहशत है।
करीब तीन सप्ताह से ग्राम सभा उचौलीगोठ में रुक-रुक कर हाथी गांव में घुस कर उत्पात मचा रहे हैं। कभी एक हाथी तो कभी तीन हाथी घुस रहे हैं। रामलीला मैदान के पास क्षतिग्रस्त सोलर फेंसिंग से कई बार हाथी घुसे।
शारदा रेंजर पूरन चंद्र जोशी ने बताया कि शुक्रवार को हल्द्वानी से आई टीम ने क्षतिग्रस्त लाइन की मरम्मत कर दी है। इस बीच बैटरी खराब होने से करंट नहीं दौड़ा। अब बैटरी बदल कर लगा दी है और करंट दौड़ने लगा है। इधर, समाजसेवी गणेश महर, निवर्तमान बीडीसी सदस्य सुंदर आर्या और ग्रामीण सुंदर महर ने बताया कि रात में सबसे पहले 7:30 बजे, उसके बाद 10 बजे, फिर रात 12 बजे के बाद सुबह 3:30 बजे हाथी गांव में घुसा। हर बार शोर मचाकर उसे भगाते रहे।
हाथी ने प्रकाश सिंह महर, मान सिंह, भीम सिंह, हरीश सिंह की गेहूं की फसल को रौंदा। उचौलीगोठ होकर ब्रह्मदेव, चराई खेत में ग्रामीणों को रात में जाग कर हाथी को भगाना पड़ा। उन्होंने वन विभाग से हाथी के गांव में घुसने पर रोक लगाने के लिए बेहतर व्यवस्था कराने की मांग की है।