फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Chamoli News ›   Debris entered houses in Jhinjholi, Bhatiana, Meta village

झिंझोली, भटियाणा, मेटा गांव में घरों में घुसा मलबा

Thu, 13 Aug 2020 10:15 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Thu, 13 Aug 2020 10:15 PM IST
विज्ञापन
Debris entered houses in Jhinjholi, Bhatiana, Meta village
देवाल बाजार के पास नरम नौला गदेरे में पेड़ गिरने यातायात रहा बाधित। - फोटो : KARNPRYAG
पिंडर घाटी में मूसलाधार बारिश से सड़कों पर मलबा आने व चट्टानें टूटने से यातायात बाधित है। कुलसारी के झिंझोली, भटियाणा, मेटा आदि गांवों में भूस्खलन होने व निर्माणाधीन सड़क का मलबा बस्तियों में आने से लोग घरों को छोड़कर दूसरे स्थानों पर चले गए।
विज्ञापन

बारिश के कारण तहसील मुख्यालय से देवाल को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग सहित 12 से अधिक सड़कें बंद हो गईं। लोग जान जोखिम में डालकर पैदल आवाजाही कर रहे हैं। वहीं, भूस्खलन से चिड़गा मल्ला में कुसमा देवी के मकान की दीवार टूट गई। कुलसारी आलकोट सड़क का मलबा भटियाणा, अनुसूचित बस्ती झिंझोली और बज्वाड़ गांव में घरों में घुस गया, जिससे लोगों को घरों से सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। एसडीएम किशन सिंह नेगी ने राजस्व टीम के साथ मौके पर जाकर क्षति का जायजा लिया। वहीं तलवाड़ी, खालसा और जटेरा के लोगों का बैनोली गदेरे के उफान पर आने से संपर्क कट गया। चेपड़ों से त्रिकोट को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग पर पत्थर आने से यह मार्ग दो बजे तक बंद रहा। प्रशासन ने नदी और गदेरों के किनारे रहने वाले लोगों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए।
विज्ञापन

नौली, हिंडोली गांव में भूस्खलन से पेयजल लाइनें व पैदल रास्ते क्षतिग्रस्त
कर्णप्रयाग। आपदा की दृष्टि से संवेदनशील नौली, हिंडोली गांवों में बुधवार की बारिश आफत बनकर आई। रात को मूसलाधार बारिश से गांव में भूस्खलन हुआ। आवाज सुनकर ग्रामीण घरों से बाहर आ गए। भूस्खलन से कुछ मकानों में दरारें पड़ गई हैं और कुछ मकान खतरे की जद में हैं। भूस्खलन से खेतों में खड़ी फसलें नष्ट हो गईं और पेयजल लाइनें व पैदल रास्ते भी क्षतिग्रस्त हो गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

पीएलवी सत्येंद्र सिंह मनोज रावत, राहुल रावत ने कहा कि नौली, हिंडोली (कोट कंडारा) गांव में पांच हेक्टेयर कृषि भूमि को नष्ट हुई है। साथ ही राजेंद्र पंत, सुरेंद्र रावत, भूपाल बिष्ट, हेमंती देवी, चंद्रमणी पंत, बलबीर सिंह, प्रेम पंत की मकानों को खतरा बना है। कहा कि गांव के नीचे से नौली-हिंडोली-चटिंग्याला सड़क का निर्माण हो रहा है। सड़क की खुदाई के बाद लोनिवि ने गांवों की सुरक्षा के लिए दीवार नहीं लगाई और बारिश आते ही मिट्टी दरक रही है। यहां सुरक्षा दीवार न लगाने जाने से गांव भूस्खलन की जद में आ गया है। उन्होंने यहां सुरक्षा दीवार बनाने की मांग की। लंगासू के पटवारी प्रदीप रावत ने कहा कि प्रभावित गांवों का मौका मुआयना कर दिया गया है। प्रशासन ने लोनिवि को गांव के सुरक्षा प्रबंध को कह दिया गया है।

बारिश से लंगासू का शिव मंदिर क्षतिग्रस्त
कर्णप्रयाग। बुधवार रात को हुई मूसलाधार बारिश से लंगासू का वशिष्ठेश्वर शिव मंदिर क्षतिग्रस्त हो गया है। लोगों ने प्रशासन से मंदिर की सुरक्षा के लिए दीवार लगाने की मांग की। टीका मैखुरी, चंद्रमोहन नगवाल, सुरेंद्र खत्री, चंद्रबल्लभ नगवाल, योगेंद्र कंडारी ने कहा कि एनएच ने बदरीनाथ हाईवे निर्माण के दौरान गदेरे में बड़े-बड़े बोल्डर डाल दिए। गदेरे में पानी के साथ आया मलबा इन बोल्डरों से टकरा रहा है और आसपास के मकानों व मंदिर को कटाव हो रहा है। उन्होंने कहा कि दो अगस्त को भी मंदिर का पुश्ता क्षतिग्रस्त हुआ था, लेकिन समस्या बताने के बाद भी कार्यदायी संस्था ने कोई ध्यान नहीं दिया और बुधवार रात की बारिश से मंदिर गर्भ गृह सहित टूट गया। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed