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खड़िया खनन के पट्टे देने न देने को लेकर दो गुट पहुंचे कलक्ट्रेट
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ागेश्वर कलेक्ट्रेट में खड़िया खनन पट्टा जारी करने की मांग को लेकर प्रदर्शन करते लोग। संवाद न्यू?
- फोटो : BAGESHWAR
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बागेश्वर। नायल धपोला में खड़िया खनन के पट्टे जारी करने और न करने को लेकर दो गुटों ने जिला मुख्यालय पहुंचकर जिलाधिकारी रंजना राजगुरु को ज्ञापन दिया। इनमें से खनन के पट्टे देने के समर्थन में आए लोगों ने प्रदर्शन किया।
खनन पट्टे जारी करने के समर्थन में कलक्ट्रेट पहुंचे लोगों ने डीएम को दिए ज्ञापन में कहा है कि नायल धपोला में दो खनन पट्टों के लिए आवेदन किया गया है। जिसमें जन सुनवाई भी हो चुकी है। ग्राम वासियों ने खड़िया खनन करने के लिए सहमति दी है लेकिन कुछ लोग खनन पट्टे जारी करने का विरोध कर कर रहे हैं। जो निजी स्वार्थ के चलते खनन पट्टे जारी करने का विरोध कर रहे हैं।
खनन पट्टे जारी करने की मांग करने वालों में केवलानंद कांडपाल, ख्याली दत्त कांडपाल, हरुली देवी, शिव दत्त कांडपाल, मोहन चंद्र कांडपाल, महेश चंद्र कांडपाल, जगदीश चंद्र, आनंदी कांडपाल, बल्पा देवी, दीपक चंद्र कांडपाल, विक्रम सिंह, बसंती देवी, गोपाल सिंह कार्की, रणजीत सिंह कार्की आदि शामिल थे।
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इधर, नायल विलाड़ी के ग्राम प्रधान सूरज सिंह कार्की के नेतृत्व में डीएम से मिले लोगों ने खनन पट्टा जारी करने का विरोध किया है। कहा है कि नायल धपोला भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र है। खड़िया खनन की अनुमति देने से कृषि योग्य भूमि, जलस्रोत, चारागाह, रास्ते, गूल आदि को नुकसान पहुंचेगा।
खड़िया खनन से बाधित हो गई पेयजल आपूर्ति
बागेश्वर। कपकोट के ज्येष्ठ प्रमुख हरीश मेहरा ने डीएम को दिए पत्र में कहा है कि ग्राम पंचायत पाकड़ की मवानी पाकड़ पेयजल योजना खड़िया खनन के बंद हो गई है। योजना में पानी नहीं आने से क्षेत्र के 25 परिवारों को पानी नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने प्रकरण की जांच कर कार्रवाई की मांग की है। कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
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खनन पट्टे जारी करने के समर्थन में कलक्ट्रेट पहुंचे लोगों ने डीएम को दिए ज्ञापन में कहा है कि नायल धपोला में दो खनन पट्टों के लिए आवेदन किया गया है। जिसमें जन सुनवाई भी हो चुकी है। ग्राम वासियों ने खड़िया खनन करने के लिए सहमति दी है लेकिन कुछ लोग खनन पट्टे जारी करने का विरोध कर कर रहे हैं। जो निजी स्वार्थ के चलते खनन पट्टे जारी करने का विरोध कर रहे हैं।
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खनन पट्टे जारी करने की मांग करने वालों में केवलानंद कांडपाल, ख्याली दत्त कांडपाल, हरुली देवी, शिव दत्त कांडपाल, मोहन चंद्र कांडपाल, महेश चंद्र कांडपाल, जगदीश चंद्र, आनंदी कांडपाल, बल्पा देवी, दीपक चंद्र कांडपाल, विक्रम सिंह, बसंती देवी, गोपाल सिंह कार्की, रणजीत सिंह कार्की आदि शामिल थे।
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इधर, नायल विलाड़ी के ग्राम प्रधान सूरज सिंह कार्की के नेतृत्व में डीएम से मिले लोगों ने खनन पट्टा जारी करने का विरोध किया है। कहा है कि नायल धपोला भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र है। खड़िया खनन की अनुमति देने से कृषि योग्य भूमि, जलस्रोत, चारागाह, रास्ते, गूल आदि को नुकसान पहुंचेगा।
खड़िया खनन से बाधित हो गई पेयजल आपूर्ति
बागेश्वर। कपकोट के ज्येष्ठ प्रमुख हरीश मेहरा ने डीएम को दिए पत्र में कहा है कि ग्राम पंचायत पाकड़ की मवानी पाकड़ पेयजल योजना खड़िया खनन के बंद हो गई है। योजना में पानी नहीं आने से क्षेत्र के 25 परिवारों को पानी नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने प्रकरण की जांच कर कार्रवाई की मांग की है। कार्रवाई न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।