{"_id":"605b7deb8ebc3e593a189996","slug":"khadi-holi-starts-in-bageshwar-bageshwar-news-hld4193236122","type":"story","status":"publish","title_hn":"कैलै बांधी चीर हो रघुनंदन राजा...","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कैलै बांधी चीर हो रघुनंदन राजा...
विज्ञापन
कैलै बांधी चीर हो रघुनंदन राजा.......
बागनाथ मंदिर में चीर बंधन के साथ होली का रंगारंग आगाज
संवाद न्यूज एजेंसी
बागेश्वर। चीर बंधन के साथ ही पहाड़ में खड़ी होली का रंगारंग आगाज हो गया है। नगर के बाबा बागनाथ मंदिर में होल्यारों ने चीर बंधन कर होली गायन किया। भगवान शिव को अबीर-गुलाल अर्पित कर सबके जीवन में होली के रंगों की तरह खुशियां देने का आशीर्वाद मांगा।
बागनाथ मंदिर में सुबह साढ़े दस बजे चीर बंधन कार्यक्रम हुआ। होल्यारों ने होली गीत कैलै बांधी चीर हो रघुनंदन राजा गाते हुए चीर बांधी। इससे पूर्व विधिवत पूजा अर्चना कर भगवान शिव को अबीर, गुलाल और रंग अर्पण किया। इसके बाद होल्यारों ने बागनाथ मंदिर की परिक्रमा करते हुए सिद्धि के दाता विघ्न विनाशन और हां जी शंभो तुम बसे कैलाश में आदि होली गीत गाए। इस दौरान होल्यारों ने भगवान बागनाथ से पूरे विश्व में सुख और शांति बनाए रखने और कोरोना महामारी से जल्द विश्व को निजात दिलाने का भी आशीर्वाद मांगा। इस मौके पर बागनाथ मंदिर प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नंदन सिंह रावल, हेम जोशी, महिपाल सिंह भरड़ा, कैलाश उपाध्याया, दलीप खेतवाल, प्रकाश कांडपाल आदि होल्यार मौजूद रहे।
काकड़ा गांव में होली की चीर बांधकर अमतौड़ा, काकड़ा, खोली, बहुली और द्यांगण गांव के होल्यारों ने होली गायन किया। चामी, क्वैराली, सात, रतबे, धारी, डोबा, अमसरकोट, आरे आदि जिला मुख्यालय के समीप के गांवों सहित कपकोट, काफलीगैर, दुग नाकुरी, गरुड़ और कांडा तहसील के ग्रामीण क्षेत्रों में भी खड़ी होली गायन का रंगारंग आगाज हुआ।
विज्ञापन
फोटो 24 बीजीएस 03 पी
विज्ञापन
बागनाथ मंदिर में चीर बंधन के साथ होली का रंगारंग आगाज
संवाद न्यूज एजेंसी
बागेश्वर। चीर बंधन के साथ ही पहाड़ में खड़ी होली का रंगारंग आगाज हो गया है। नगर के बाबा बागनाथ मंदिर में होल्यारों ने चीर बंधन कर होली गायन किया। भगवान शिव को अबीर-गुलाल अर्पित कर सबके जीवन में होली के रंगों की तरह खुशियां देने का आशीर्वाद मांगा।
बागनाथ मंदिर में सुबह साढ़े दस बजे चीर बंधन कार्यक्रम हुआ। होल्यारों ने होली गीत कैलै बांधी चीर हो रघुनंदन राजा गाते हुए चीर बांधी। इससे पूर्व विधिवत पूजा अर्चना कर भगवान शिव को अबीर, गुलाल और रंग अर्पण किया। इसके बाद होल्यारों ने बागनाथ मंदिर की परिक्रमा करते हुए सिद्धि के दाता विघ्न विनाशन और हां जी शंभो तुम बसे कैलाश में आदि होली गीत गाए। इस दौरान होल्यारों ने भगवान बागनाथ से पूरे विश्व में सुख और शांति बनाए रखने और कोरोना महामारी से जल्द विश्व को निजात दिलाने का भी आशीर्वाद मांगा। इस मौके पर बागनाथ मंदिर प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नंदन सिंह रावल, हेम जोशी, महिपाल सिंह भरड़ा, कैलाश उपाध्याया, दलीप खेतवाल, प्रकाश कांडपाल आदि होल्यार मौजूद रहे।
विज्ञापन
काकड़ा गांव में होली की चीर बांधकर अमतौड़ा, काकड़ा, खोली, बहुली और द्यांगण गांव के होल्यारों ने होली गायन किया। चामी, क्वैराली, सात, रतबे, धारी, डोबा, अमसरकोट, आरे आदि जिला मुख्यालय के समीप के गांवों सहित कपकोट, काफलीगैर, दुग नाकुरी, गरुड़ और कांडा तहसील के ग्रामीण क्षेत्रों में भी खड़ी होली गायन का रंगारंग आगाज हुआ।
विज्ञापन
फोटो 24 बीजीएस 03 पी