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बंजर भूमि पर तीन हजार पौधे रोपेंगे दिनेश लोहनी
Sun, 03 Feb 2019 11:30 PM IST
दीपक नेगी
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो
Published by: दीपक नेगी
Updated Sun, 03 Feb 2019 11:30 PM IST
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शीतकालीन पौध रोपते वृक्ष प्रेमी दिनेश लोहनी
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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वृक्ष प्रेमी दिनेश लोहनी ने शीतकाल के मौसम में तीन हजार पौध रोपने के अभियान की शुरुआत कौसानी से की। अभियान के पहले दिन लोहनी ने दस अखरोट के पौध रोपने के बाद मेहल के पांच पेड़ों में गब्बू नाशपाती की ग्राफटिंग की।
कौसानी ने लगे सीमा वन पंचायत के सरपंच वृक्ष प्रेमी दिनेश लोहनी 15 वर्षों से कौसानी के आसपास की बंजर भूमि में फल और चारा प्रजाति के पौधे लगा रहे हैं। वह घर पर ही अपनी नर्सरी में तैयार करते है। नर्सरी में उगे पौधों को कौसानी के आसपास के गांवों में बंजर जमीन में रोपते आ रहे है। इसबार लोहनी ने शीतकाल के मौसम में तीन हजार शीतकालीन पौध रोपने का लक्ष्य रखा है।
उन्होंने शीतकालीन पौध रोपने के अभियान की शुरुआत कौसानी से की। अभियान के पहले दिन उन्होंने अखरोट के दस पौध रोपे और मेहल के पांच पेड़ों में गब्बू नाशपाती की ग्राफटिंग की। लोहनी ने बताया कि शीतकाल के मौसम में वह कौसानी, गरुड़, देवनाई, डनफाट आदि गांवों में तीन हजार शीतकालीन पौध रोपेंगे।
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कौसानी ने लगे सीमा वन पंचायत के सरपंच वृक्ष प्रेमी दिनेश लोहनी 15 वर्षों से कौसानी के आसपास की बंजर भूमि में फल और चारा प्रजाति के पौधे लगा रहे हैं। वह घर पर ही अपनी नर्सरी में तैयार करते है। नर्सरी में उगे पौधों को कौसानी के आसपास के गांवों में बंजर जमीन में रोपते आ रहे है। इसबार लोहनी ने शीतकाल के मौसम में तीन हजार शीतकालीन पौध रोपने का लक्ष्य रखा है।
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उन्होंने शीतकालीन पौध रोपने के अभियान की शुरुआत कौसानी से की। अभियान के पहले दिन उन्होंने अखरोट के दस पौध रोपे और मेहल के पांच पेड़ों में गब्बू नाशपाती की ग्राफटिंग की। लोहनी ने बताया कि शीतकाल के मौसम में वह कौसानी, गरुड़, देवनाई, डनफाट आदि गांवों में तीन हजार शीतकालीन पौध रोपेंगे।
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