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खाल तस्करी के मामले में पांच साल की सजा
ब्यूरो/अमर उजाला, बागेश्वर।
Updated Thu, 02 Jul 2015 12:41 AM IST
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मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने तेंदुए की खालों की तस्करी के मामले में दो लोगों को तीन और पांच साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
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अनर्सा निवासी नवीन खेतवाल और पौड़ी बैंड निवासी रमेश पांडे को 29 अप्रेल 2011 की सुबह तेंदुए की तीन खालों के साथ कोतवाली पुलिस के सब इंसपेक्टर हरीश पुरी ने कठायतबाड़ा डिग्री कालेज के पास पकड़ा था।
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दोनों के खिलाफ वन्य जंतु संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज हुुआ। यह प्रकरण मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चंद्रमणि राय की अदालत में चला। अभियोजन पक्ष की ओर से अभियोजन अधिकारी ललित मोहन आर्य ने आठ गवाह पेश किए।
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मामले की सुनवाई करते हुए मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चंद्रमणि राय ने नवीन सिंह खेतवाल को तीन साल के सश्रम कारावास और पच्चीस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
दूसरा अभियुक्त रमेश चंद पांडे पूर्व में भी इसी तरह के मामले में पकड़ा गया था और अभी जमानत पर था। रमेश पांडे को पच्चीस हजार रुपये अर्थदंड के साथ पांच साल की सजा सुनाई गई। ताजा मामले में भी दोनों ही इस वक्त जमानत पर थे। न्यायालय के आदेश के बाद दोनों को जेल भेज दिया गया है।