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पेयजल योजना के निर्माण में लापरवाही का आरोप, हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो बागेश्वर।
Updated Sun, 20 Aug 2017 10:51 PM IST
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सड़क किनारे इस तरह बिछाए जा रहे हैं 1.80 करोड़ की पेयजल योजना के पाइप।
- फोटो : amar ujala
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नगर के लिए बिछाई जा रही पेयजल योजना में लापरवाही का आरोप लगाते हुए नगरवासियों ने हंगामा किया। इस बीच जल संस्थान के अधिकारी तो नहीं पहुंचे, लेकिन बिना एनओसी लिए ही सड़क खोदने पर लोक निर्माण विभाग ने पाइप लाइन बिछाने के काम पर रोक लगा दी है।
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नगर पंचायत क्षेत्र के लिए पनौरा से पाइप लाइन बिछाई जा रही है। करीब नौ किलोमीटर लंबी इस पेयजल योजना के निर्माण के लिए 1.80 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। निर्माण का ठेका जल संस्थान ने एक कंपनी को दिया है। सड़क किनारे नाली खोदकर पाइप लाइन बिछाई जा रही है। रविवार को पेयजल लाइन के पाइप बिछाने में मानकों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए कुछ लोगों ने हंगामा करना शुरू कर दिया।
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क्षेत्र पंचायत सदस्य तारा सिंह कपकोटी, प्रधान पूरन कपकोटी, प्रकाश बिष्ट, महिमन कपकोटी, रमेश, प्रयाग सिंह आदि का आरोप था कि मानकों के अनुसार पेयजल योजना के पाइप कम से कम एक से दो फीट की गहराई में होने चाहिए। जबकि इस योजना के पाइप आधा फीट जमीन में भी नहीं दबाए जा रहे हैं। इससे जल्दी ही योजना के पाइप क्षतिग्रस्त हो जाएंगे। हंगामे के बीच जल संस्थान का कोई जिम्मेदार अधिकारी तो मौके पर नहीं आया, लेकिन पीडब्लूडी को जैसे ही बिना अनुमति के सड़क खोदने की भनक लगी तो ईई ने काम रुकवा दिया।
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फिलहाल पेयजल लाइन बिछाने का काम रुका है। इधर, नगर क्षेत्र के लोगों और जनप्रतिनिधियों ने जल संस्थान से सड़क किनारे मानकों के अनुसार पेयजल योजना के पाइप बिछाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि पाइप लाइन के निर्माण में कोई कमी देखी गई तो उन्हें आंदोलन छेड़ने के लिए बाध्य होना पड़ेगा।