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सर्जन छुट्टी और फिजीशियन प्रशिक्षण पर इलाज कैसे हो
Updated Mon, 17 Dec 2018 11:30 PM IST
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बागेश्वर। श्याम लाल साह जिला अस्पताल के कुल 21 डॉक्टरों में से दो सर्जन छुट्टी पर जबकि फिजिशियन और एक अन्य डॉक्टर प्रशिक्षण के लिए हल्द्वानी गए हैं। सर्जन और फिजिशियन नहीं होने से रोगियों को कई दिक्कतें झेलनी पड़ रही हैं। सोमवार को अमर उजाला ने अस्पताल जाकर जायजा लिया तो अस्पताल में डॉक्टर और कर्मचारी समय से पहले ही अपनी सीट पर बैठे नजर आए। वार्डों में नियमित सफाई की कमी दिखाई दी।
60 बेड वाले जिला अस्पताल में सोमवार सुबह प्रभारी सीएमएस, डाक्टर्स और कर्मचारी नौ बजे से पहले ही अपनी सीट पर बैठे मिले। रोगी पंजीयन सेंटर पर पर्ची कटाने के लिए रोगी सुुबह 8:30 बजे ही पहुंच गए थे। अस्पताल में 880 रोगियों को स्वास्थ्य लाभ मिला। अस्पताल में विभिन्न रोगों के 21 डॉक्टर और चिकित्साधीक्षक तैनात हैं। जिला अस्पताल के सर्जन डॉ. एएम शर्मा और एमबीबीएस विंदुवासिनी गत एक दिसंबर से अवकाश पर चल रहे हैं। फिजीशियन डॉ. अब्बास इन दिनों सुशीला तिवारी हल्द्वानी में विशेष प्रशिक्षण के लिए गए हैं। इससे लोगों को कई दिक्ततों का सामना करना पड़ रहा है। लिपिक का एक पद लंबे समय से खाली होने के कारण अस्पताल के कई काम प्रभावित हो रहे हैं।
जन औषधि केंद्र में तीन महीने से ताला है लटका
जिला अस्पताल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल जन औषधि केंद्र की स्थापना गत तीन महीने पहले हो चुकी थी। आज तक इसका शुभारंभ नहीं हो सका है। केंद्र का ताला नहीं खुलने से लोगों को बाजारों से महंगे दामों पर दवा खरीदने को मजबूर होना पड़ रहा है।
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अस्पताल में लोगों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं देने के पूूरे प्रयास किए जा रहे हैं। अस्पताल की समस्याओं से उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है। - डॉ. सत्य प्रकाश त्रिपाठी, प्रभारी सीएमएस जिला अस्पताल बागेश्वर।
जिला अस्पताल में कई चिकित्सा विशेषज्ञों की तैनाती हो हो चुकी है। रिक्त पदों को भरने के प्रयास चल रहे हैं। जन औषधि केंद्र के शीघ्र संचालन के लिए डीएम से बात की जाएगी।
- चंदन राम दास, विधायक बागेश्वर।
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60 बेड वाले जिला अस्पताल में सोमवार सुबह प्रभारी सीएमएस, डाक्टर्स और कर्मचारी नौ बजे से पहले ही अपनी सीट पर बैठे मिले। रोगी पंजीयन सेंटर पर पर्ची कटाने के लिए रोगी सुुबह 8:30 बजे ही पहुंच गए थे। अस्पताल में 880 रोगियों को स्वास्थ्य लाभ मिला। अस्पताल में विभिन्न रोगों के 21 डॉक्टर और चिकित्साधीक्षक तैनात हैं। जिला अस्पताल के सर्जन डॉ. एएम शर्मा और एमबीबीएस विंदुवासिनी गत एक दिसंबर से अवकाश पर चल रहे हैं। फिजीशियन डॉ. अब्बास इन दिनों सुशीला तिवारी हल्द्वानी में विशेष प्रशिक्षण के लिए गए हैं। इससे लोगों को कई दिक्ततों का सामना करना पड़ रहा है। लिपिक का एक पद लंबे समय से खाली होने के कारण अस्पताल के कई काम प्रभावित हो रहे हैं।
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जन औषधि केंद्र में तीन महीने से ताला है लटका
जिला अस्पताल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल जन औषधि केंद्र की स्थापना गत तीन महीने पहले हो चुकी थी। आज तक इसका शुभारंभ नहीं हो सका है। केंद्र का ताला नहीं खुलने से लोगों को बाजारों से महंगे दामों पर दवा खरीदने को मजबूर होना पड़ रहा है।
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अस्पताल में लोगों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं देने के पूूरे प्रयास किए जा रहे हैं। अस्पताल की समस्याओं से उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है। - डॉ. सत्य प्रकाश त्रिपाठी, प्रभारी सीएमएस जिला अस्पताल बागेश्वर।
जिला अस्पताल में कई चिकित्सा विशेषज्ञों की तैनाती हो हो चुकी है। रिक्त पदों को भरने के प्रयास चल रहे हैं। जन औषधि केंद्र के शीघ्र संचालन के लिए डीएम से बात की जाएगी।
- चंदन राम दास, विधायक बागेश्वर।