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बड़ेत में दो सौ नाली कृषि भूमि रौखड़ में तब्दील
अल्मोड़ा़, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 21 Jul 2017 10:30 PM IST
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जमीन
- फोटो : अमर उजाला
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लगातार हो रही बारिश के कारण उफनाए नाले, गधेरों से क्षेत्र में कृषि भूमि को बड़ा नुकसान हुआ है। कफड़ा क्षेत्र के अंतर्गत बड़ेत गांव में खेतों में मलबा आने से करीब दो सौ नाली उपजाऊ भूमि बर्बाद हो गई है और इस भूमि में लगी फसल भी नष्ट हो गई है। परेशान ग्रामीणों ने डीएम को ज्ञापन भेजकर स्थलीय निरीक्षण कराकर प्रभावित काश्तकारों को मुुआवजा दिलाने की मांग की है।
क्षेत्र में पिछले कई दिनों तक हुई लगातार बारिश से नाले, गधेरे उफान पर आने से नालों के नजदीक ग्रामीणों के खेतों में मलबा भर गया है। बड़ेत के पूर्व प्रधान बचे सिंह बिष्ट ने उप राजस्व निरीक्षक के माध्यम से डीएम को भेजे पत्र में कहा है कि खेतों को नालों, गधेरों के उफान से बचाने के लिए पूर्व में भी सुरक्षात्मक कार्य करने की मांग की गई थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब परिणामस्वरूप ग्रामीणों के खेत मलबा भरने से रौखड़ में तब्दील हो चुके हैं। उन्होंने मौके का स्थलीय निरीक्षण कराकर प्रभावित काश्तकारों को मुआवजा दिलाने की मांग की है।
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क्षेत्र में पिछले कई दिनों तक हुई लगातार बारिश से नाले, गधेरे उफान पर आने से नालों के नजदीक ग्रामीणों के खेतों में मलबा भर गया है। बड़ेत के पूर्व प्रधान बचे सिंह बिष्ट ने उप राजस्व निरीक्षक के माध्यम से डीएम को भेजे पत्र में कहा है कि खेतों को नालों, गधेरों के उफान से बचाने के लिए पूर्व में भी सुरक्षात्मक कार्य करने की मांग की गई थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब परिणामस्वरूप ग्रामीणों के खेत मलबा भरने से रौखड़ में तब्दील हो चुके हैं। उन्होंने मौके का स्थलीय निरीक्षण कराकर प्रभावित काश्तकारों को मुआवजा दिलाने की मांग की है।
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