फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Almora News ›   Officer given instruction.

आकस्मिक मृत्यु पर ताबूत में लाया जाएगा पुलिस कर्मी का शव

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Thu, 29 Apr 2021 12:40 AM IST
विज्ञापन
Officer  given instruction.
पुलिस विभाग ने अपने कर्मचारियों के योगदान को सम्मान देने की पहल की है। पुलिस महानिरीक्षक पुष्पक ज्योति ने एक आदेश जारी किया है कि अगर भविष्य में किसी उत्तराखंड पुलिस केे कार्मिक की आकस्मिक मृत्यु होती है तो उनके पार्थिव शरीर को परिवारजनों तक ले जाने के लिए राजकीय वाहन और ताबूत का इस्तेमाल किया जाएगा।
विज्ञापन

बता दें कि गरुड़ के कोठूं गांव निवासी गणेश नाथ (34) पुलिस में थे और उनकी नैनीताल जिले में नियुक्ति थी। पुलिस प्रशासन ने 13 मार्च को उनकी हरिद्वार में कुंभ ड्यूटी लगाई थी। 28 मार्च को हरिद्वार में एक होटल के बाहर उनकी कार में उनका शव बरामद हुआ। 30 मार्च को उत्तराखंड पुलिस मृतक जवान गणेश केेेे शव को ताबूत के बजाय बिस्तरबंद में लेकर उसके पैत्रिक गांव कोठूं पहुंची। शव सड़ी गली अवस्था में होने के कारण जवान की पत्नी, बच्चे गणेश के अंतिम दर्शन नहीं कर पाए।
विज्ञापन

गुस्साए लोगों ने पुलिस और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए तो अमर उजाला इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। खबर का संज्ञान लेते हुए पुलिस महानिरीक्षक पुष्पक ज्योति आदेश जारी कर कहा कि भविष्य में पुलिस कार्मिक की आकस्मिक मृत्यु होती तो पार्थिव शरीर को परिवारजनों तक सम्मान सहित ले जाने के लिए राजकीय वाहन और ताबूत का इस्तेमाल किया जाएगा। जनपद प्रभारी अंतिम संस्कार के दौरान उपस्थित रहेंगे। किसी विशेष मुठभेड़, आतंकवादी घटनाओं, भीड़ नियंत्रण में शहीद हुए कार्मिक की सलामी के दौरान संबधित परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक/ उप महानिरीक्षक मौजूद रहेंगे। ताबूत पर होने वाले व्यय का भुगतान कल्याण निधि से वहन किया जाएगा। पार्थिव शरीर को दूर ले जाना हो और किसी प्रकार की क्षति से बचाने के लिए संलेपन की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

भले ही में अपने पत्नी के शव के अन्तिम दर्शन नहीं कर पायी। डीजी ने भविष्य में कार्मिकों के पार्थिव शरीर को ताबूत में घर लाने को जो फरमान जारी किया है फरमान से पुलिस कर्मियों और उनके परिजनों का उत्साह बढ़ा है। - शहीद जवान की धर्मपत्नी

डीजी के फरमान का पुलिस कार्मिको के आश्रित सम्मान करते है। कांस्टेबल गणेश नाथ की शाहदत को भुलाया नहीं जा सकता। डीजी के आदेश और अमर उजाला की लेखनी की सराहना की है। - देवेंद्र गोस्वामी, सामाजिक कार्यकर्ता
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed