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एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने प्रदेश सरकार का पुतला फूंका, नारेबाजी की
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अल्मोड़ा। नए सत्र में आईटीआई में आठ गुना फीस बढ़ाने के विरोध में भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को चौघानपाटा में प्रदेश सरकार का पुतला फूंका। उन्होंने नारेबाजी कर विरोध जताया। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश भर की आईटीआई में नए सत्र में फीस बढ़ाने से युवाओं के लिए तकनीकी शिक्षा लेना महंगा हो गया है।
उन्होंने कहा कि अब प्रत्येक ट्रेड में दाखिला लेने वाले सामान्य वर्ग के छात्रों को 3900 रुपये वार्षिक फीस देनी होगी। पहले यह फीस सालाना करीब 1200 रुपये ली जाती थी। ऐसे में युवाओं के लिए तकनीकी शिक्षा प्राप्त करना आसान नहीं रह गया है। खासकर पहाड़ में अधिकतर लोग खेती किसानी या मजदूरी कर गुजर बसर करते हैं। ऐसे लोगों के लिए बच्चों को अब आईटीआई कराने में भारी दिक्कतों से जूझना पड़ेगा।
उन्होंने कहा कि फीस में वृद्धि करना छात्र हितों का हनन है। एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव गोपाल मोहन भट्ट ने प्रदेश सरकार पर छात्र विरोधी फैसले लेने का आरोप लगाया। फीस में की गई वृद्धि वापस नहीं ली गई तो एनएसयूआई और आईटीआई के छात्र इसका विरोध करेंगे। पुतला फूंकने वालों में एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव गोपाल मोहन भट्ट समेत पंकज कुमार, रोहन, पूर्व छात्रसंघ कोषाध्यक्ष अभिषेक बनौला, गोविंद प्रसाद, मीडिया प्रभारी रितिक नयाल, दीपक सिंह, दीपा नेगी, गोपाल सिंह सिजवाली, दिनेश गोस्वामी, सूरज सिजवाली, दिनेश जोशी, हिमांशु जोशी, प्रिंस कोठारी आदि शामिल थे।
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उन्होंने कहा कि अब प्रत्येक ट्रेड में दाखिला लेने वाले सामान्य वर्ग के छात्रों को 3900 रुपये वार्षिक फीस देनी होगी। पहले यह फीस सालाना करीब 1200 रुपये ली जाती थी। ऐसे में युवाओं के लिए तकनीकी शिक्षा प्राप्त करना आसान नहीं रह गया है। खासकर पहाड़ में अधिकतर लोग खेती किसानी या मजदूरी कर गुजर बसर करते हैं। ऐसे लोगों के लिए बच्चों को अब आईटीआई कराने में भारी दिक्कतों से जूझना पड़ेगा।
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उन्होंने कहा कि फीस में वृद्धि करना छात्र हितों का हनन है। एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव गोपाल मोहन भट्ट ने प्रदेश सरकार पर छात्र विरोधी फैसले लेने का आरोप लगाया। फीस में की गई वृद्धि वापस नहीं ली गई तो एनएसयूआई और आईटीआई के छात्र इसका विरोध करेंगे। पुतला फूंकने वालों में एनएसयूआई के प्रदेश महासचिव गोपाल मोहन भट्ट समेत पंकज कुमार, रोहन, पूर्व छात्रसंघ कोषाध्यक्ष अभिषेक बनौला, गोविंद प्रसाद, मीडिया प्रभारी रितिक नयाल, दीपक सिंह, दीपा नेगी, गोपाल सिंह सिजवाली, दिनेश गोस्वामी, सूरज सिजवाली, दिनेश जोशी, हिमांशु जोशी, प्रिंस कोठारी आदि शामिल थे।
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