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लोअर मालरोड के डामरीकरण में गुणवत्ता से खिलवाड़
अमर उजाला ब्यूरो, रानीखेत (अल्मोड़ा)।
Updated Thu, 02 Nov 2017 11:29 PM IST
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इस तरह से 24 घंटे में ही हाटमिक्स की उखड़ने की लगी परत
- फोटो : अमर उजाला
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लोअर मालरोड पर चल रहे डामरीकरण का कार्य विवादों में घिर गया है। कार्य की गुणवत्ता को लेकर स्थानीय लोगों खासे खफा हैं। इसी को लेकर स्थानीय लोगों ने बुधवार की रात वहां काम रुकवा दिया। बाद में विभागीय अधिकारी मौके पर पहुंचे, उन्होंने आश्वासन देकर बमुश्किल लोगों को शांत कराया। ठेकेदार द्वारा मिट्टी के ऊपर हॉटमिक्स का कार्य किया जा रहा था, इसी को लेकर लोग भड़क उठे।
मालूम हो कि इन दिनों लोअर मालरोड के चार किमी हिस्से में 40 लाख रुपये की लागत से डामरीकरण का कार्य चल रहा है। यह कार्य एनपी वुडवैल कंपनी के माध्यम से किया जा रहा है। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि डामरीकरण की गुणवत्ता काफी खराब है। मिट्टी के ऊपर डामर बिछाया जा रहा है, जिसकी परतें 24 घंटे में ही उखड़ने लगी हैं।
सड़क पर न तो निकास नालियां बनी हैं और ना ही कलवर्ट। खनियां के पूर्व प्रधान दर्शन सिंह बिष्ट ने बताया कि सड़क पर न तो कोलतार का छिड़काव किया गया है और न ही रोड़ी बिछाई जा रही है। डामरीकरण का कार्य भी रात में किया जा रहा है। इन हालातों में कैसे सड़क पर डामर टिकेगा। उन्होंने बुधवार की रात वहां कार्य रुकवा दिया और मामले की जांच की मांग पर अड़ गए।
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इस दौरान लोनिवि प्रांतीय खंड के अधिकारी ईई केएल वर्मा भी मौके पर पहुंच गए। बिष्ट ने बताया कि अधिकारियों ने भी कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं और जहां-जहां कार्य की गुणवत्ता खराब है, वहां दोबारा से डामरीकरण कराने के निर्देश दिए, जिसके बाद मामला शांत हुआ। इस दौरान भाजपा महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष विमला रावत, चंदन भगत, प्रेम शर्मा आदि थे।
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मालूम हो कि इन दिनों लोअर मालरोड के चार किमी हिस्से में 40 लाख रुपये की लागत से डामरीकरण का कार्य चल रहा है। यह कार्य एनपी वुडवैल कंपनी के माध्यम से किया जा रहा है। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि डामरीकरण की गुणवत्ता काफी खराब है। मिट्टी के ऊपर डामर बिछाया जा रहा है, जिसकी परतें 24 घंटे में ही उखड़ने लगी हैं।
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सड़क पर न तो निकास नालियां बनी हैं और ना ही कलवर्ट। खनियां के पूर्व प्रधान दर्शन सिंह बिष्ट ने बताया कि सड़क पर न तो कोलतार का छिड़काव किया गया है और न ही रोड़ी बिछाई जा रही है। डामरीकरण का कार्य भी रात में किया जा रहा है। इन हालातों में कैसे सड़क पर डामर टिकेगा। उन्होंने बुधवार की रात वहां कार्य रुकवा दिया और मामले की जांच की मांग पर अड़ गए।
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इस दौरान लोनिवि प्रांतीय खंड के अधिकारी ईई केएल वर्मा भी मौके पर पहुंच गए। बिष्ट ने बताया कि अधिकारियों ने भी कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं और जहां-जहां कार्य की गुणवत्ता खराब है, वहां दोबारा से डामरीकरण कराने के निर्देश दिए, जिसके बाद मामला शांत हुआ। इस दौरान भाजपा महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष विमला रावत, चंदन भगत, प्रेम शर्मा आदि थे।