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एनएच चौड़ीकरण के लिए घरों पर लगे निशान, खलबली
अमर उजाला ब्यूरो अल्मोड़ा।
Updated Fri, 24 Nov 2017 10:21 PM IST
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अल्मोड़ा की लोअर माल रोड पर राष्ट्रीय राजमार्ग के चौड़ीकरण के लिए सड़क किनारे स्थित भवनों और दीवारों में निशान लगाए जाने से लोगों में खलबली मची हुई है। एनएच की ओर से संबंधित लोगों को नोटिस भी जारी किए जा रहे हैं। प्रभावित लोगों ने शुक्रवार को बैठक कर प्रस्तावित हाइवे के लिए चौंसली-कोसी बाइपास का उपयोग करने की मांग की। लोगों ने इस मुद्दे को लेकर लोअर माल रोड संघर्ष समिति का गठन कर ललित लटवाल को संयोजक और मंगल सिंह बिष्ट को सहसंयोजक चुना।
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बता दें कि अल्मोड़ा से रानीखेत की तरफ निकलने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग के चौड़ीकरण की योजना पर काम शुरू होने जा रहा है। अल्मोड़ा में एनएच के अधीन लोअर माल रोड को भी चौड़ा करने के लिए पिछले कुछ दिनों में सड़क के दोनों तरफ निशान लगा दिए गए हैं। वर्तमान में करीब सात मीटर चौड़ी इस सड़क को चौड़ा करके करीब 12 मीटर किया जाना है। अगर इस योजना पर काम हुआ तो अकेले लोअर माल रोड पर ही करीब 700 से 800 भवन और आवासीय मकान आदि प्रभावित हो सकते हैं। बताया गया है कि एनएच की ओर से दर्जनों लोगो को नोटिस भी थमा दिए गए हैं। इधर, प्रभावित लोगों ने शुक्रवार को न्यू इंदिरा कॉलोनी में स्थित सिमकनी मैदान में आम बैठक कर लोअर माल रोड के बजाए हाल ही में बने चौंसली-कोसी बाइपास का उपयोग करने की मांग की।
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वक्ताओं ने कहा कि चंपावत, लोहाघाट, द्वाराहाट, भवाली आदि स्थानों पर भी इसी तरह बाइपास बनाकर कई पुराने भवनों को नुकसान पहुंचाने से बचाया गया है। अगर इसे नहीं रोका गया तो सैकड़ों लोगों की रोजी-रोटी प्रभावित होगी। वक्ताओं ने कहा कि चौंसली-कोसी मोटर मार्ग बन जाने के बाद अल्मोड़ा लोअर माल रोड के लोगों को प्रभावित करने का कोई औचित्य नहीं है। लोगों ने इस मुद्दे को लेकर संघर्ष करने का ऐलान करते हुए लोअर माल रोड संघर्ष समिति का गठन भी किया। इसके लिए ललित लटवाल को संयोजक और मंगल सिंह बिष्ट को सह संयोजक बनाया गया।
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इसके अलावा भुवन भाष्कर राठौर, भूपेश चौधरी, पीएस मटियानी, जगत तिवारी, महेंद्र कुमार वर्मा, बसंत पांडे, तारा सिंह परिहार और महेश परिहार को संघर्ष समिति का सदस्य चुना गया। यह भी तय हुआ कि इस मामले को लेकर अगली बैठक 26 नवंबर को दोपहर 12 बजे होगी। लोगों ने विधायक और विधानसभा उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान से भी लोअर माल रोड के बजाय चौंसली-कोसी बाईपास को एनएच के तौर पर इस्तेमाल कराने का आदेश जारी करवाने में मदद करने की मांग की। बैठक में उक्त लोगों के अलावा मीना नेगी, सुरेश सुयाल, भगवती नेगी, नवीन वर्मा, आशा सुयाल आदि मौजूद थे।