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पांच साल के इस बच्चे की चित्रकारी देख दंग रह जाएंगे आप

Wed, 26 Apr 2017 04:32 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, गाजीपुर
ब्यूरो, अमर उजाला, गाजीपुर Updated Wed, 26 Apr 2017 04:32 PM IST
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You will be stunned to see the Five-year-old child painting
ghazipur five year painter - फोटो : अमर उजाला

कहते हैं कि प्रतिभा नैसर्गिक होती है, यह किसी की मुहताज नहीं होती। अगर आप में प्रतिभा है तो एक न एक दिन अवश्य बुलंदी हासिल करेंगे। यह बात गाजीपुर के जिले के तहसील क्षेत्र के मंदरा निवासी 11 साल के बालक सूरज पर सटीक बैठती है।

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सूरज अभावों में भी पल-बढ़कर खुद की मेहनत तथा अपने गुरुजनों के सहयोग और आशीर्वाद की बदौलत अपने सपनों को पंख लगाने के लिए पूरी शिद्दत के साथ लगा हुआ है।  जखनियां तहसील मुख्यालय से सटे गांव मंदरा के रहने वाले महेंद्र विश्वकर्मा का पुत्र सूरज विश्वकर्मा ऐसा हुनरमंद बालक है, जो बचपन से ही देवी-देवताओं और लोगों का चित्र बनाने का काम कर रहा है।

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स्व. रामनगीना सिंह इंटर कालेज मंदरा के कक्षा छह में पढने वाले सूरज को पांच वर्ष की अवस्था से ही चित्रकारी में काफी रूचि थी। वह दीवारों पर इतनी सहजता पूर्वक रंग और पेंट के इस्तेमाल से देवी-देवताओं की तस्वीर बनाता है कि देखने वाले दांतों तले अंगुली दबाने को मजबूर हो जाते हैं।

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यही नहीं किसी को सामने बैठाकर अथवा उसका चित्र देखकर हूबहू उसकी आकृति को पन्ने पर उतारने की भी कला सूरज में समाहित है। ऐसा इसलिए भी है क्योंकि बढ़ईगिरी का काम करने वाले पिता के साथ ही उसकी दोनों बहनें और भाई राजन एवं सुंदर में भी चित्रकला के प्रति बचपन से ही आकर्षण है।

 

परिवार के अन्य सदस्यों की रूचि को देख उनसे आगे निकलने की ललक में सूरज दिन-रात मेहनत कर रहा है। उसका मानना है कि अपने सपनों का पीछा करने के लिए जूनून, दृढ़ता, कड़ी मेहनत और दृढ संकल्प का कोई विकल्प नहीं है।

 

स्व. रामनगीना सिंह इंटर कालेज में पढ़ने वाले सूरज को प्रधानाचार्य सर्वानंद सिंह झुन्ना एवं प्रबंधक अटल कुमार सिंह भी हर संभव मदद देने का कार्य कर रहे हैं। सूरज की शिक्षा-दीक्षा से लेकर उसके उन्नयन में अन्य तरीके से मदद देने में यह दोनों ही लोग कोई कोर कसर बाकी नहीं रखते हैं।

 

उसे रंग-पेंट, ब्रश के साथ ही अन्य आवश्यक संसाधन मुहैया कराने के साथ ही एक ऐसा मंच दिलाने के लिए प्रयासरत हैं जहां वह अपने मुकाम को हासिल कर परिजनों और गुरुओं का नाम रोशन कर सके। छोटे से इस बालक की कलाकारी को काफी पसंद किया जा रहा है।

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