खेल की खबरें: पूर्वोत्तर रेलवे के दो मैच में 462 गेंदों पर 672 रन, दो गेंदबाजों ने आठ ओवर में झटके सात विकेट
Varanasi News: पूर्वोत्तर रेलवे के दो मैच में 462 गेंदों पर 672 रन बनाए गए। वहीं दो गेंदबाजों ने आठ ओवर में सात विकेट झटके। वहीं गंगा पार रेती पर 12 टीमों में हैंडबॉल मुकाबला होगा। पढ़ें- वाराणसी में खेल की खबरें
विस्तार
पूर्वोत्तर रेलवे के दो मैच में 462 गेंद पर 672 रन निकले। प्रति ओवर 8.72 की औसत से खिलाड़ियों ने स्कोर खड़ा किया। पूर्वोत्तर रेलवे की ओर से आयोजित अंतर विभागीय ग्रीष्मकालीन टी-20 क्रिकेट प्रतियोगिता के पहले दिन सिग्नल ने इंजीनियरिंग विभाग को सात विकेट और दूसरे मैच में विद्युत विभाग ने लेखा विभाग को 14 रनों से हराया।
इंजीनियरिंग विभाग ने पहले बैटिंग करते हुए 20 ओवर में 9 विकेट के नुकसान पर 164 रन बनाए। इंजीनियरिंग की तरफ से ऋषभ ने 200 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से 26 गेंद पर सात चौकों और तीन छक्कों की मदद से 54 रन बनाए। वहीं विजय ने 40 बाल पर सात चौके और दो छक्के की मदद से 54 रन बनाए। अभिषेक और सुभाष ने 11-11 रन बटोरे। सिगनल विभाग की से अक्षत अवस्थी ने चार ओवर में 25 रन देकर 5 विकेट और शैलेश ने चार ओवर में 28 रन देकर दो विकेट लिए।
अक्षत अवस्थी को मैन ऑफ द मैच
165 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए सिग्नल विभाग की टीम ने 17.1 ओवर में तीन विकेट के नुकसान पर 166 रन बनाए और सात विकेट से मैच जीतकर पूरे दो अंक प्राप्त किए। सिग्नल विभाग की तरफ से रामशंकर ने 38 बॉल पर सात चौके और एक छक्के की मदद से 46 रन बनाए। धर्मेंद्र ने 38 बाल पर 8 चौक व तीन छक्के की मदद से 67 रन और अजय ने 13 रन बनाए। इंजीनियरिंग के अश्वनी को दो और अजीत तिवारी को एक विकेट मिला। शानदार बॉलिंग कर पांच विकेट लेने वाले अक्षत अवस्थी को मैन ऑफ द मैच का पुरस्कार वरिष्ठ मंडल सिगनल और दूरसंचार इंजीनियर यशवीर सिंह की ओर से दिया गया।
पांच बॉलरों ने 138 रन देकर चटकाए 10 विकेट
दूसरा मैच विद्युत और लेखा विभाग के बीच खेला गया। विद्युत विभाग ने पहले बैटिंग करते हुए निर्धारित 20 ओवर में 178 रन बनाए। विद्युत विभाग की तरफ से भगवान यादव ने 191 के स्ट्राइक रेट से 23 बाल पर 7 चौके और एक छक्के की मदद से 44 रन बनाए। फिर संजय साहू ने 25 बाल पर छह चौके की मदद से 31 रन, प्रवीण कुमार ने 11 बाल पर तीन चौके की मदद से 17 रन और मुनि ने 19 बाल पर तीन चौके की मदद से 17 रन ठोके। लेखा विभाग से पांच बॉलरों ने 138 रन देकर 10 विकेट चटका दिए। जिसमें से रंजीत ने दो ओवर में 18 रन देकर दो विकेट, ओमप्रकाश ने तीन ओवर में 19 रन देकर दो विकेट, राहुल ने चार ओवर में 21 रन देकर दो विकेट, ओम आकाश ने चार ओवर में 36 रन देकर दो विकेट और प्रमोद ने चार ओवर में 44 रन देकर दो विकेट लिए।
200 के स्ट्राइक रेट से रन बनाकर भी नहीं मिली जीत
179 रनों के लक्ष्य का पीछा करती हुई लेखा विभाग की पूरी टीम 8 विकेट पर 164 रन बना पाई। विद्युत विभाग ने 14 रन से मैच जीतकर पूरे 2 अंक हासिल किए। लेखा विभाग की तरफ से प्रशांत विश्वकर्मा ने 30 बाल पर पांच चौके और चार चक्के की मदद से 59 रन, अनुराग भट्ट ने 42 गेंद पर पांच चौके और एक छक्के की मदद से 50 रन और रंजीत ने 9 गेंट पर एक चौके और छक्के की मदद से 17 रन बनाए।
विद्युत विभाग में नीरज ने चार ओवर में 30 रन देकर तीन विकेट, रमेश ने तीन ओवर में 24 रन देकर दो विकेट लिए अमित और करन को एक-एक विकेट प्राप्त हुआ। विद्युत विभाग के भगवान यादव को मैन ऑफ द मैच का पुरस्कार इंजीनियरिंग विभाग में मुख्य कार्याधी मनोज जायसवाल के द्वारा दिया गया। मंगलवार को रेल सुरक्षा बल और यांत्रिक विभाग के बीच और दूसरा मैच कार्मिक और इंजीनियरिंग विभाग के बीच खेला जाएगा।
गंगा पार रेती पर 12 टीमों में हैंडबॉल मुकाबला
यूपी चैंपियनशिप में पांच खिलाड़ियों को पहला, दूसरा और तीसरा स्थान
उत्तर प्रदेश एथलेटिक्स चैंपियनशिप में वाराणसी के पांच खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन रहा। इसमें गुंजन यादव ने हाई जंप में पहला स्थान और 100 मीटर बाधा दौड़ में दूसरा स्थान प्राप्त किया। खुशी पटेल ने 100 मीटर बाधा दौड़ में पहला स्थान और लॉन्ग जंप में दूसरा स्थान हासिल किया। आर्य सिंह ने 400 मीटर बाधा दौड़ में दूसरा और वंदना कुमारी को 400 मीटर बाधा दौड़ में तीसरा स्थान मिला। जगत नंदिनी पटेल ने पोल वाट में दूसरा स्थान लाकर भारतीय खेल प्राधिकरण बीएचयू का मान बढ़ाया।
काशी में गंगा के आर-पार, विश्वसुंदरी पुल-अस्सी से दरभंगा घाट तक महिला-पुरुष तैराकी ओपन स्पर्धा
काशी में 13 और 14 जून को विश्वसुंदरी पुल से दरभंगा घाट तक तैराकी प्रतियोगिता होगी। करीब 10 किलोमीटर लंबी गंगा तैराकी होगी। पहले पांच स्थान पर आने वाले तैराकों को विजेता घोषित किया जाएगा। इन्हें मेडल और सर्टिफिकेट देकर पुरस्कृत किया जाएगा। इसके अलावा गंगा के आर-पार महिला और पुरुष ओपन स्पर्धा होगी। वहीं, अस्सी से दरभंगा घाट तक तैराकी में महिला ओपन प्रतियोगिता कराई जाएगी।
इस तैराकी प्रतियोगिता दरभंगा घाट स्थित सरस्वती स्विमिंग एसोसिएशन की ओर से कराई जाएगी। एसोसिएशन के पदाधिकारियों का कहना है कि 90 साल पुरानी रजिस्टर्ड तैराकी संस्था है। इसकी स्थापना 1936 में की गई थी। दरभंगा घाट पर बच्चों को तैराकी सिखाने, प्लेयर को प्रैक्टिस कराने का काम जोरदार ढंग से शुरू हो गया है। 90वें वर्ष पूरा करने के उपलक्ष्य में एक सोवेनियर भी लोकार्पित होगा। संस्था के जनरल सेक्रेटरी नारायण चटर्जी ने बताया कि सोमवार को हुई संचालन समिति मंडल की बैठक में इस प्रतियोगिता की तैयारियों पर चर्चा की गई। बैठक में समिति के अध्यक्ष डीएस चटर्जी, विजय शाह, शंकर मुखर्जी, रजनीश अग्रवाल, रियाज अहमद अंसारी, प्रमोद साहनी आदि ने अपना मत रखा।