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यूपी विद्युत निगम के इंजीनियर ने लिखा पत्र- धमका रहे BJP विधायक, करें मेरा तबादला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला,आजमगढ़
Updated Fri, 15 Jun 2018 11:19 AM IST
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यूपी के आजमगढ़ जिले में तैनात विद्युत निगम के इंजीनियर का लिखा एक पत्र सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। उच्चाधिकारियों को लिखे पत्र में विद्युत वितरण खंड चतुर्थ फूलपुर के अधिशासी अभियंता एसके मिश्रा ने फूलपुर के भाजपा विधायक अरूणकांत यादव पर धमकी देने का आरोप लगाते हुए अपने स्थानांतरण की मांग की है।
अधिकारियों के भेजे गए पत्र में अधिशासी अभियंता ने कहा है कि विधायक द्वारा फूलपुर डाकबंगले में मंगलवार की शाम को बुलाया गया था। जहां उन्होंने उपखंड अधिकारियों को उनके क्षेत्र में दर्ज एफआईआर के कागजात देकर उसे वापस लेने का निर्देश दिया।
इसके बाद उन्होंने सभी को कमरे से बाहर कर कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया और रिवाल्वर को मेज पर रखकर कल तक सभी एफआईआर वापस लेने की बात कही। असमर्थता व्यक्त करने पर उन्होंने जान से मारने की धमकी दी। उनकी इस धमकी से मैं और मेरा पूरा परिवार सहमे हुए हैं।
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उनका कहना हे कि मेरे विधानसभा क्षेत्र में जो भी कार्य विद्युत विच्छेदन, विधा परिवर्तन, लोड बढ़ाना आदि कार्य मेरे संज्ञान में लाकर मेरी अनुमति से ही किए जाएंगे। ऐसी स्थिति में विभाग का राजस्व लक्ष्य पूरा करना, नए कनेक्शन निर्गत करना, एटी एंड सीलास कम करना संभव नहीं है।
ऐसी स्थिति में फूलपुर में कार्य करना संभव नहीं है। इसलिए मेरा स्थानांतरण अन्यत्र कर दिया जाए। अधिशासी अभियंता ने यह प्रबंध निदेशक पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड वाराणसी, मुख्य अभियंता आजमगढ़ और अधीक्षण अभियंता आजमगढ़ मंडल को भेजा है।
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अधिकारियों के भेजे गए पत्र में अधिशासी अभियंता ने कहा है कि विधायक द्वारा फूलपुर डाकबंगले में मंगलवार की शाम को बुलाया गया था। जहां उन्होंने उपखंड अधिकारियों को उनके क्षेत्र में दर्ज एफआईआर के कागजात देकर उसे वापस लेने का निर्देश दिया।
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इसके बाद उन्होंने सभी को कमरे से बाहर कर कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया और रिवाल्वर को मेज पर रखकर कल तक सभी एफआईआर वापस लेने की बात कही। असमर्थता व्यक्त करने पर उन्होंने जान से मारने की धमकी दी। उनकी इस धमकी से मैं और मेरा पूरा परिवार सहमे हुए हैं।
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उनका कहना हे कि मेरे विधानसभा क्षेत्र में जो भी कार्य विद्युत विच्छेदन, विधा परिवर्तन, लोड बढ़ाना आदि कार्य मेरे संज्ञान में लाकर मेरी अनुमति से ही किए जाएंगे। ऐसी स्थिति में विभाग का राजस्व लक्ष्य पूरा करना, नए कनेक्शन निर्गत करना, एटी एंड सीलास कम करना संभव नहीं है।
ऐसी स्थिति में फूलपुर में कार्य करना संभव नहीं है। इसलिए मेरा स्थानांतरण अन्यत्र कर दिया जाए। अधिशासी अभियंता ने यह प्रबंध निदेशक पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड वाराणसी, मुख्य अभियंता आजमगढ़ और अधीक्षण अभियंता आजमगढ़ मंडल को भेजा है।
भाजपा विधायक ने दी यह सफाई
भाजपा विधायक अरुणकांत यादव
- फोटो : अमर उजाला
अधिशासी अभियंता एसके मिश्रा ने अमर उजाला से बात करते हुए पत्र लिखे जाने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा है कि ऐसी हालात और स्थिति में फूलपुर में कार्य करना असंभव है। वहीं इस पूरे मामले में फूलपुर-पवई विधानसभा सीट के भाजपा विधायक अरुणकांत यादव ने कहा कि आरोप पूरी तरह निराधार है।
आरोप लगाने वाले अधिशासी अभियंता ने सौभाग्य योजना से वजीराबाद में कैंप लगाया था। गांव में कुछ लोगों को कनेक्शन दिया गया और कुछ लोगों को छोड़ दिया गया है। इसके बाद ब्लेकमेलिंग की नीयत से छूटे लोगों को नोटिस जारी कर दी गई। उन पर एफआईआर करा दी गई।
योजना के तहत सभी को निशुल्क कनेक्शन देने के शासन से निर्देश हैं। इसके बाद इस संबंध में उन्हें कड़ाई से समझाया गया था कि ऐसा न करें। अधिशासी अभियंता ने भी ये भी कहा था कि ऐसे करने के लिए मुझ पर ऊपर से दबाव है।
विभाग को कमाई का जरिया बना लिया गया है। सारे आरोप निराधार हैं। मुझे और सरकार को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।
आरोप लगाने वाले अधिशासी अभियंता ने सौभाग्य योजना से वजीराबाद में कैंप लगाया था। गांव में कुछ लोगों को कनेक्शन दिया गया और कुछ लोगों को छोड़ दिया गया है। इसके बाद ब्लेकमेलिंग की नीयत से छूटे लोगों को नोटिस जारी कर दी गई। उन पर एफआईआर करा दी गई।
योजना के तहत सभी को निशुल्क कनेक्शन देने के शासन से निर्देश हैं। इसके बाद इस संबंध में उन्हें कड़ाई से समझाया गया था कि ऐसा न करें। अधिशासी अभियंता ने भी ये भी कहा था कि ऐसे करने के लिए मुझ पर ऊपर से दबाव है।
विभाग को कमाई का जरिया बना लिया गया है। सारे आरोप निराधार हैं। मुझे और सरकार को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।