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विदेशी मेहमानों को अपने घर पर ठहराने का मौका दे रहा एनआरआई समिट, करना होगा यह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Updated Sat, 25 Aug 2018 11:10 AM IST
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बनारस में अगले साल होने वाले प्रवासी भारतीय सम्मेलन के लिए शहर के विदेशी मेहमानों को अपने घर पर ठहरा सकते हैं। इच्छुक लोग अपना आवेदन पत्र varanasi.nic.in/international-nri-diwas-2019/ से प्रिंटआउट लेकर वेबसाइट पर उपलब्ध लिंक पर ऑनलाइन अपलोड कर दें।
इसके अलावा नगर मजिस्ट्रेट कार्यालय राइफल क्लब में जमा कर सकते हैं। यह सुविधा एंड्रायड मोबाइल ऐप भी प्ले स्टोर पर उपलब्ध होगी। कार्यक्रम की समाप्ति के बाद मेहमाननवाजी करने वालों को प्रशस्ति पत्र दिया जाएगा।
वहीं सम्मेलन की तैयारियों में तेजी आ गई है। तैयारियों की समीक्षा को लेकर लखनऊ में शुक्रवार को प्रमुख सचिव एनआरआई ने बैठक की। शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में पीएमओ में बैठक होगी। बैठकों मे भाग लेने के लिए कमिश्नर दीपक अग्रवाल गुरुवार शाम को लखनऊ रवाना हो गए थे, जबकि डीएम सुरेंद्र सिंह शुक्रवार को दिल्ली गए।
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21 से 23 जनवरी 2019 में होने वाले सम्मेलन में 100 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होंगे। अधिकारी हर विभाग से इस्टीमेट लेकर लखनऊ गए। सम्मेलन में आने वाले अप्रवासियों के ठहरने, यातायात, खानपान सहित काशी दर्शन आदि पर बनाई गई योजना को अंतिम रूप दिया जाएगा।
इसके अलावा अलग-अलग मंत्रालयों के लिए जगह, विदेशी राजदूत, प्रधानमंत्री सहित अन्य वीआईपी के लिए ठहरने की व्यवस्था के अलावा काशी को सजाने की कार्ययोजना तैयार की गई है। अतिथियों का आगमन 20 जनवरी और प्रस्थान 24 जनवरी को होगा।
कमिश्नर ने बताया कि सम्मेलन के मद्देनजर 31 दिसंबर तक सड़कें, बिजली और साफ-सफाई आदि से जुड़े कार्य पूरे कर लिए जाएंगे। सम्मेलन में तकरीबन 7000 लोग रहेंगे। इनके लिए दीनदयाल हस्तकला संकुल, बीएचयू, डीरेका के अलावा होटलों व अन्य स्थानों पर प्रबंध किया गया है। इसके अलावा स्विस कॉटेज भी बनाए जाएंगे। डीएम ने बीएचयू का निरीक्षण किया।
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इसके अलावा नगर मजिस्ट्रेट कार्यालय राइफल क्लब में जमा कर सकते हैं। यह सुविधा एंड्रायड मोबाइल ऐप भी प्ले स्टोर पर उपलब्ध होगी। कार्यक्रम की समाप्ति के बाद मेहमाननवाजी करने वालों को प्रशस्ति पत्र दिया जाएगा।
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वहीं सम्मेलन की तैयारियों में तेजी आ गई है। तैयारियों की समीक्षा को लेकर लखनऊ में शुक्रवार को प्रमुख सचिव एनआरआई ने बैठक की। शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में पीएमओ में बैठक होगी। बैठकों मे भाग लेने के लिए कमिश्नर दीपक अग्रवाल गुरुवार शाम को लखनऊ रवाना हो गए थे, जबकि डीएम सुरेंद्र सिंह शुक्रवार को दिल्ली गए।
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21 से 23 जनवरी 2019 में होने वाले सम्मेलन में 100 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होंगे। अधिकारी हर विभाग से इस्टीमेट लेकर लखनऊ गए। सम्मेलन में आने वाले अप्रवासियों के ठहरने, यातायात, खानपान सहित काशी दर्शन आदि पर बनाई गई योजना को अंतिम रूप दिया जाएगा।
इसके अलावा अलग-अलग मंत्रालयों के लिए जगह, विदेशी राजदूत, प्रधानमंत्री सहित अन्य वीआईपी के लिए ठहरने की व्यवस्था के अलावा काशी को सजाने की कार्ययोजना तैयार की गई है। अतिथियों का आगमन 20 जनवरी और प्रस्थान 24 जनवरी को होगा।
कमिश्नर ने बताया कि सम्मेलन के मद्देनजर 31 दिसंबर तक सड़कें, बिजली और साफ-सफाई आदि से जुड़े कार्य पूरे कर लिए जाएंगे। सम्मेलन में तकरीबन 7000 लोग रहेंगे। इनके लिए दीनदयाल हस्तकला संकुल, बीएचयू, डीरेका के अलावा होटलों व अन्य स्थानों पर प्रबंध किया गया है। इसके अलावा स्विस कॉटेज भी बनाए जाएंगे। डीएम ने बीएचयू का निरीक्षण किया।