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सुविधा: अब घर बैठे देशभर में बिकेंगे छोटे उद्यमियों के उत्पाद, ऑनलाइन बाजार को मिलेगा बढ़ावा
Fri, 30 Oct 2026 09:32 PM IST
Pragati Chand
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: Pragati Chand
Updated Fri, 30 Oct 2026 09:32 PM IST
सार
वाराणसी में एमएसएमई बैठक में ओडीआर पोर्टल सरल बनाने पर चर्चा हुई। उद्यमियों को ऑनलाइन बाजार मिलेगा। इसके लिए सरकार 277.35 करोड़ रुपये खर्च करेगी। ओडीआर पोर्टल की प्रक्रिया समझाने के लिए दिवाली के बाद दो प्रशिक्षण कार्यशालाएं आयोजित होंगी।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : AI Generated
विस्तार
एमएसएमई उद्यमियों को बकाया भुगतान दिलाने, व्यावसायिक विवादों का त्वरित समाधान करने और कारोबार विस्तार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए शुक्रवार को उद्यमियों व अधिकारियों की एमएसएमई कार्यालय में बैठक हुई। इसमें एमएसएमई निदेशक अंकिता पांडेय ने अध्यक्षता की। इसमें ऑनलाइन विवाद समाधान (ओडीआर) पोर्टल को सरल बनाने पर चर्चा की गई। ओडीआर पोर्टल की प्रक्रिया समझाने के लिए दिवाली के बाद दो प्रशिक्षण कार्यशालाएं आयोजित होंगी।
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बैठक में ओडीआर पोर्टल पर ऑनलाइन भुगतान सुविधा और सुलह स्तर तक आवेदन शुल्क समाप्त करने पर विचार हुआ। आवेदन प्रक्रिया को पूरी तरह पेपरलेस बनाने पर सहमति बनी। क्रेता की ईमेल आईडी अनिवार्यता से आ रही परेशानी का समाधान शीघ्र तलाशने का आश्वासन दिया गया।
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उद्यमियों को ट्रेड रिसीवेबल्स डिस्काउंटिंग सिस्टम (टीआरईडीएस) के प्रति जागरूक करने पर जोर दिया गया। टीआरईडीएस से उद्यमी स्वीकृत बिलों को बैंकों से डिस्काउंट कराकर समय से पहले भुगतान प्राप्त कर सकते हैं। इससे कार्यशील पूंजी और नकदी प्रवाह की समस्या कम होगी।
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केंद्र सरकार की एमएसएमई टीम (ट्रेड इनेबलमेंट एंड मार्केटिंग) पहल की जानकारी भी साझा की गई। इस योजना के तहत एमएसएमई इकाइयों को ओएनडीसी के डिजिटल नेटवर्क से जोड़कर ऑनलाइन बाजार उपलब्ध कराया जाएगा। इस पहल पर 277.35 करोड़ रुपये खर्च होंगे और लगभग पांच लाख सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों को जोड़ने का लक्ष्य है।