{"_id":"58e540124f1c1bdc315b6299","slug":"mock-drill-prctice-in-bhu-troma-centre","type":"story","status":"publish","title_hn":"...और जब बीएचयू ट्रामा सेंटर में हुआ शक्तिशाली बम विस्फोट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
...और जब बीएचयू ट्रामा सेंटर में हुआ शक्तिशाली बम विस्फोट
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Thu, 06 Apr 2017 10:18 AM IST
विज्ञापन
इंडो-इजराइल आकस्मिक चिकित्सा सेवा प्रबंधन कार्यशाला
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में इंडो-इजराइल आकस्मिक चिकित्सा सेवा प्रबंधन के तीन दिवसीय कार्यशाला का समापन बुधवार को हुआ। अंतिम दिन यहां मॉक ड्रिल के जरिए आकस्मिक चिकित्सा प्रबंधन के तौर-तरीके बताए गए। यह मॉक ड्रिल शक्तिशाली बम विस्फोट में घायल मरीजों को तत्काल चिकित्सकीय सेवा मुहैया कराने पर केंद्रित था।
ट्रामा सेंटर के सभागार में पहले डमी ब्लास्ट किया गया। एनडीआरएफ के कमांडेंट आलोक सिंह ने दुर्घटना पर तत्काल काबू पाने और मरीजाें को कुशल प्रबंधन से तत्काल चिकित्सकीय सेवाएं देने की कला बताई।
इस मॉक ड्रिल में ट्रामा सेंटर के पैरा मेडिकल स्टाफ, नर्स सभी को लगाया गया था। उन्हें इसका पूरा प्रशिक्षण दिया गया। एयर कमांडो डॉ. राजेश वैद्य ने हवाई हमले के बाद घायल मरीजों को तुरंत चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के गुर सिखाए।
विज्ञापन
इजराइल के रॉमबम चिकित्सा केंद्र के निदेशक डॉ. बाहुत ने इस बात पर चिंता जताई कि भारत में दुर्घटना के बाद देरी से चिकित्सा सुविधा मिलने की वजह से ज्यादा जानें चलीं जाती हैं। बताया कि ट्रामा सेंटर के सहयोग से हम भारत के सभी बड़े हास्पिटल में आकस्मिक चिकित्सा सेवा प्रबंधन कार्यशालाएं करेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जुलाई में प्रस्तावित इजराइल यात्रा पर भी खुशी जताई। आयोजन सचिव प्रो. सौरभ सिंह ने इजराइल प्रतिनिधियों के समक्ष इजराइल और बीएचयू ट्रामा सेंटर के बीच समझौते का प्रस्ताव रखा ताकि आकस्मिक घटनाओं के दौरान भारत इजराइल की मदद ले सके।
विज्ञापन
ट्रामा सेंटर के सभागार में पहले डमी ब्लास्ट किया गया। एनडीआरएफ के कमांडेंट आलोक सिंह ने दुर्घटना पर तत्काल काबू पाने और मरीजाें को कुशल प्रबंधन से तत्काल चिकित्सकीय सेवाएं देने की कला बताई।
विज्ञापन
इस मॉक ड्रिल में ट्रामा सेंटर के पैरा मेडिकल स्टाफ, नर्स सभी को लगाया गया था। उन्हें इसका पूरा प्रशिक्षण दिया गया। एयर कमांडो डॉ. राजेश वैद्य ने हवाई हमले के बाद घायल मरीजों को तुरंत चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के गुर सिखाए।
विज्ञापन
इजराइल के रॉमबम चिकित्सा केंद्र के निदेशक डॉ. बाहुत ने इस बात पर चिंता जताई कि भारत में दुर्घटना के बाद देरी से चिकित्सा सुविधा मिलने की वजह से ज्यादा जानें चलीं जाती हैं। बताया कि ट्रामा सेंटर के सहयोग से हम भारत के सभी बड़े हास्पिटल में आकस्मिक चिकित्सा सेवा प्रबंधन कार्यशालाएं करेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जुलाई में प्रस्तावित इजराइल यात्रा पर भी खुशी जताई। आयोजन सचिव प्रो. सौरभ सिंह ने इजराइल प्रतिनिधियों के समक्ष इजराइल और बीएचयू ट्रामा सेंटर के बीच समझौते का प्रस्ताव रखा ताकि आकस्मिक घटनाओं के दौरान भारत इजराइल की मदद ले सके।