बनारस में कोरोना ने पकड़ी रफ्तार: 24 घंटे में मिले 174 पॉजिटिव मरीज, अब जिले में 421 एक्टिव केस
कोरोना प्रोटोकॉल की अनदेखी और बढ़ती लापरवाही के कारण वाराणसी में कोरोना बेकाबू होता दिख रहा है। नतीजा यह है कि गुरुवार को एक दिन में 174 संक्रमित मरीज मिले। बुधवार को 120 पॉजिटिव मरीज मिले थे।
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वाराणसी कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। गुरुवार को तीसरी लहर में एक दिन में सबसे अधिक 174 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। इसमें 80 महिलाएं और सात बच्चे शामिल हैं। इसके अलावा बीएचयू में तीन महिला चिकित्सकों समेत कुल 10 डॉक्टर, 10 छात्र और 10 कर्मचारियों की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है।
अब नए मरीजों के बाद एक्टिव मरीजों की संख्या 421 पहुंच गई है। कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ने से स्वास्थ्य विभाग के साथ ही जिला प्रशासन की चुनौती बढ़ गई है। गुरुवार को मिले मरीजों के सैंपल जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए भेजे जाएंगे। इसके बाद ही इन संक्रमित मरीजों में मिलने वाले वैरिएं की जानकारी मिलेगी।
वहीं, होम आइसोलेशन में दो मरीज स्वस्थ हुए। वाराणसी में तेजी से बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के मामले ने प्रशासन के साथ ही शासन के माथे पर भी बल खींच दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को वाराणसी पहुंचे और वर्तमान स्थिति की समीक्षा की।
बढ़ रहा कोरोना, फिर भी लोग दिख रहे लापरवाह
कोरोना के मरीजों की संख्या में दिनों दिन वृद्धि हो रही है। इसके बावजूद भी लागों अपने और दूसरों के जीवन से खिलवाड़ करने पर उतारू हैं। प्रशासन के चेतावनी के बावजूद भी गुरुवार को शहर के विशेश्वरगंज में लोग बिना मास्क के दिखे। लोगों का मानना है कि कोरोना के टीके का दोनों डोज लेने वाले व्यक्ति में फिर से कोरोना नहीं होगा।
इस तरह की गलतफहमियां लोगों के लिए भारी पड़ सकती है। जबकि कुछ लोगों का कहना था कि सभी को सतर्क रहने की जरूरत है क्योंकि अब बच्चों में भी कोरोना का लक्षण मिलने लगे हैं। प्रशासन को कोरोना के नियमों को लागू कराने में फिर से सख्ती लानी पड़ेगी ताकि लोग संक्रमित होने एवं लापरवाही करने से बचें।
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बीएचयू : चलेगी नेफ्रोलॉजी विभाग की ओपीडी
कोरोना के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए अब शताब्दी सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में चलने वाली नेफ्रोलॉजी विभाग की ओपीडी को वापस सर सुंदरलाल अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है। साथ ही एसएसबी में वार्ड, डायलिसिस आदि सुविधाओं को भी स्थानांतरित कर दिया गया है।
बृहस्पतिवार को चिकित्सा अधीक्षक प्रो. केके गुप्ता ने बीएचयू अस्पताल के साथ ही शताब्दी सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक का दौराकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने चिकित्सकों, नर्सिंग ऑफिसरों, वार्ड सहायकों, एवं सफाई कर्मचारियों को सरकार द्वारा जारी किए गए कोविड संबंधित दिशा निर्देशों का पालन करने को कहा।