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यूपी: बीएचयू लैब में होगी बर्ड फ्लू के संक्रमण की जांच, प्रदेश में सिर्फ दो जगह होती हैं जांच

Sun, 10 Jan 2021 11:54 AM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Sun, 10 Jan 2021 11:54 AM IST
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BHU lab will investigate bird flu infection
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock

कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण की चुनौती से अभी लोग जूझ ही रहे हैं कि बर्ड फ्लू से होने वाले संक्रमण ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। इस बीच विशेषज्ञों का मानना है कि जिस तरह की सजगता सतर्कता कोरोना संक्रमण को लेकर रखी जा रही है, उसी तरह की सावधानी बर्ड फ्लू को लेकर बरतनी चाहिए। उनका मानना है कि अगर इसके प्रति सतर्क रहा जाए तो कोई खतरा ही नहीं रहेगा।

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केरल से शुरू बर्ड फ्लू वायरस को लेकर लोग बहुत डरे सहमे हैं। इसी वजह से कुछ लोगों ने डर की वजह से चिकन और अंडा खाना भी छोड़ दिया है। इसको लेकर अफवाह भी बहुत फैल रही। हर कोई अपने अपने तरीके से चर्चाएं करने में व्यस्त है। अब जबकि कोरोना काल चल रहा है ऐसे में बर्ड फ्लू के संक्रमण की आहट ने लोग डरे सहमे हैं।
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आईएमएस बीएचयू माइक्रोबायोलॉजी डिपार्टमेंट के प्रो. गोपाल नाथ कहते हैं कि कोरोना संक्रमण के दौर में बर्ड फ्लू के संक्रमण को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है। बस उसी तरह की सावधानी बरतनी चाहिए, जिस तरह की लोग कोरोना काल में बरत रहे हैं। अगर किसी में संक्रमण की संभावना दिखती है तो उसकी जांच की सुविधा माइक्रोबायोलॉजी के वीडीआरएल लैब में है।

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पिछले कई सालों से यहां संक्रमण की जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि यूपी में केजीएमयू और बीएचयू में ही एच1एन1 संक्रमण की जांच होती है। इससे बर्ड फ्लू के संक्रमण की पुष्टि होती है। अगर इसको लेकर सावधानी बरती जाए तो कोई खतरा नहीं है। 

सतर्कता से रहने पर खतरा कम
बर्ड फ्लू का यह एवियन इन्फ्लूएंजा वायरस एच5 एन8 है, जो कि बर्ड फ्लू के आम वायरस एच5 एन1 वायरस का म्युटेंट है। अभी यह संक्रमण पोल्ट्री फार्म, जंगली, जलीय व प्रवासी पक्षियों में पाया गया है। संक्रमित पक्षियों के मल, मुंह के लार, नाक के स्राव आदि के संपर्क में आने से फैलता है। पक्षियों से मनुष्य में फैल सकता है। अगर सतर्कता बरती जाए तो उसके फैलने का खतरा बहुत कम है। इसलिए डरने की कोई जरूरत नहीं है। मनुष्य में संक्रमण होने पर सांस की तकलीफ, सर्दी, खांसी, कफ, बदन दर्द, थकान व बुखार आदि खास लक्षण हैं। -डॉ. संजय राय, प्रदेश उपाध्यक्ष, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन

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