वाराणसी में तड़तड़ाई गोलियां: व्यवसायी पर रॉड से हमला करने वाले दो आरोपी मुठभेड़ में गिरफ्तार, एक को लगी गोली
Varanasi Police Encounter: वाराणसी जिले के जैतपुरा थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े लूट का प्रयास करने वाला शातिर बदमाश पुलिस मुठभेड़ में घायल हुआ। मुठभेड़ के दौरान पुलिस ने दो बदमाशों को गिरफ्तार किया।
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ओरीपुरा में आभूषण की दुकान में लूट के इरादे से व्यवसायी पर रॉड से हमला करने के मामले में दो आरोपियों को जैतपुरा पुलिस और क्राइम ब्रांच ने मंगलवार देर रात बघवानाला पीपा पुल के पास मुठभेड़ में गिरफ्तार किया।
एक बदमाश के पैर में गोली लगी। घायल बदमाश को बीएचयू के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया। बदमाशों के कब्जे से .312 बोर का एक तमंचा और दो कारतूस बरामद हुए। शाम को दोनों को कोर्ट ने जेल भेज दिया।
ये है मामला
पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने आरोपियों को पकड़ने वाली टीम को 50 हजार रुपये इनाम देने की घोषणा की है। एसीपी चेतगंज गौरव कुमार ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नाटी इमली बुनकर कॉलोनी और हाल पता सूरत के लिंबायत थाना के महाप्रभुनगर निवासी मो. शोएब और सूरत के लिंबायत के बेट्ठी कॉलोनी निवासी फहीम शेख के रूप में हुई है।
जैतपुरा थानाध्यक्ष बृजेश कुमार मिश्रा और क्राइम ब्रांच प्रभारी मनीष मिश्रा की टीम को सूचना मिली कि सात फरवरी को लूट की नीयत से आभूषण व्यवसायी नंदलाल सोनी के बड़े बेटे हर्ष सोनी के ऊपर रॉड से हमला कर स्कूटी से भागने वाले बदमाश बघवानाला के पास है। इस पर टीम ने घेराबंदी की।
पुलिस टीम को देख मो. शोएब ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी फायरिंग में मो. शोएब को पैर में गोली लगी। लहूलुहान शोएब को ट्राॅमा सेंटर ले जाया गया। उधर, दूसरे आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया।
वारदात में इस्तेमाल नीले रंग की स्कूटी भी बरामद हुई। दोनों का आपराधिक इतिहास भी रहा है। गिरफ्तारी टीम में चौकी प्रभारी चौकाघाट सत्यदेव, जितेन्द्र यादव, एसआई गौरव सिंह, कुलदीप सिंह, रमाशंकर, आलोक मौर्या, अश्वनी सिंह और सर्विलांस से प्रशांत तिवारी रहे।
साड़ी का काम करता था शोएब, पैसे के लिए रची साजिश
सराफा पर हमला और लूट के मामले में मुठभेड़ में गिरफ्तार सूरत के शोएब ने पूरी साजिश रची थी। वह जरायम की दुनिया से बेहिसाब पैसा कमाना चाहता था। शोएब ने साड़ी का काम छोड़कर ओरीपुरा इलाके में हर्ष सोनी की दुकान को टारगेट किया।
वारदात को अंजाम देने के लिए शोएब ने सूरत के दोस्त फहिम को भी बुलाया। पुलिस की गोली से घायल शोएब ने पूछताछ में बताया कि वारदात के लिए उसने आभूषण की दुकान को निशाना बनाना ठीक समझा।