{"_id":"5b24285d4f1c1bb51e8b6225","slug":"181529096285-varanasi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"फरार कैदी की तलाश में हिमाचल पुलिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फरार कैदी की तलाश में हिमाचल पुलिस
Updated Sat, 16 Jun 2018 02:28 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सारनाथ। हत्या के जुर्म में आजीवन कारावास की सजा काट रहे कैदी के हॉस्पिटल से फरार होने के बाद हिमाचल पुलिस उसकी तलाश में शुक्रवार को वाराणसी पहुंची। हिमाचल से आये दरोगा मनोज कुमार ने बताया कि सूत्रों व सर्विलांस के आधार पर कैदी अपने परिजनों, भाई गुल्लू से लगातार इलाज के दौरान बातचीत करता रहा। पुलिस, स्थानीय थाने को जानकारी देकर भाई को हिरासत में लेकर चली गई। वहीं कैंट थाने पर इसकी कोई जानकारी नहीं है।
हिमाचल के मनाली में वाराणसी के कैंट थानांतर्गत गोइठहां गांव निवासी संजय कुमार की हत्या 2011 में धारदार हथियार से हुई थी। संजय के परिजनों ने कैंट थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराते हुए सारनाथ के हिरामन पुर निवासी लक्ष्मण पटेल पर हत्या की आशंका जताई थी। लक्ष्मण पटेल संजय के साथ मिलकर पूजन सामग्री बेचने का धंधा करता था। इसी जांच के आधार पर सारनाथ पुलिस ने संजय को गिरफ्तार किया। वहीं हिमाचल पुलिस लक्ष्मण को लेकर वापस चली गयी। उसके ऊपर हत्या का मुकदमा चलाया गया। उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। वह जेल चला गया। बीते 22 मई को बवासीर के ऑपरेशन के लिए हिमाचल के नहान थाना अंतर्गत डा. वाईएस परमार मेडिकल कालेज में उसे भर्ती कराया गया जहां से दो जून को वह पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। लक्ष्मण पर पुलिस की ओर से 10 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया है। दूसरी ओर कैंट थानाध्यक्ष राजीव रंजन का कहना है कि उन्हें घटनाक्रम की कोई जानकारी नहीं है। हिमाचल पुलिस ने उनसे कोई संपर्क नहीं किया है।
विज्ञापन
हिमाचल के मनाली में वाराणसी के कैंट थानांतर्गत गोइठहां गांव निवासी संजय कुमार की हत्या 2011 में धारदार हथियार से हुई थी। संजय के परिजनों ने कैंट थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराते हुए सारनाथ के हिरामन पुर निवासी लक्ष्मण पटेल पर हत्या की आशंका जताई थी। लक्ष्मण पटेल संजय के साथ मिलकर पूजन सामग्री बेचने का धंधा करता था। इसी जांच के आधार पर सारनाथ पुलिस ने संजय को गिरफ्तार किया। वहीं हिमाचल पुलिस लक्ष्मण को लेकर वापस चली गयी। उसके ऊपर हत्या का मुकदमा चलाया गया। उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। वह जेल चला गया। बीते 22 मई को बवासीर के ऑपरेशन के लिए हिमाचल के नहान थाना अंतर्गत डा. वाईएस परमार मेडिकल कालेज में उसे भर्ती कराया गया जहां से दो जून को वह पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। लक्ष्मण पर पुलिस की ओर से 10 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया है। दूसरी ओर कैंट थानाध्यक्ष राजीव रंजन का कहना है कि उन्हें घटनाक्रम की कोई जानकारी नहीं है। हिमाचल पुलिस ने उनसे कोई संपर्क नहीं किया है।
विज्ञापन