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Siddharthnagar News: नामांकन बढ़ाने के साथ ऑनलाइन किया जाएगा विद्यार्थियों का डाटा
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। माध्यमिक शिक्षा परिषद से संचालित विद्यालयों में नामांकन बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। परिषदीय विद्यालय की तर्ज पर घर-घर जाकर शिक्षक अभिभावकों को प्रेरित कर रहे हैं कि कक्षा आठ पास करने वाले बच्चे नजदीक के इंटर कॉलेज में दाखिला लें।
इसमें बच्चों का आवेदन फाॅर्म भरवाने के साथ ही बोर्ड के पोर्टल पर डाटा भी अपलोड करेंगे। इसमें ईमेल आईडी भी होगी। जो बच्चों के अलावा परिवार के किसी सदस्य के मोबाइल से कनेक्ट होगी, जिससे उन्हें शैक्षिक कार्य के बारे में जानकारी मिल सके।
विद्यालयों के खुलने के बाद एक बार फिर नामांकन के लिए शिक्षक घर-घर जाएंगे। बच्चों को बेहतर शिक्षा मिल सके इसके लिए सरकार ने सरकारी विद्यालयों में नामांकन प्रक्रिया बढ़ाने पर जोर दिया है। जिले में माध्यमिक शिक्षा परिषद के 200 से अधिक विद्यालय हैं। इसमें राजकीय सहायता प्राप्त वित्त विहीन विद्यालय शामिल हैं। इनमें बड़ी संख्या में बच्चे पढ़ रहे हैं। सरकारी विद्यालयों के प्रति लोगों का रुझान बढ़े और बच्चों का दाखिला सरकारी विद्यालय में कराएं। इसके लिए सरकार ने परिषदीय विद्यालय की तर्ज पर माध्यमिक शिक्षा परिषद के विद्यालय में भी घर-घर जाकर बच्चों के नामांकन करने पर जोर दिया है।
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खास करके उन बच्चों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा जो कक्षा आठ पास कर चुके हैं। इसके पीछे मकसद यह है कि अधिक खर्च के कारण अभिभावक बच्चों की पढ़ाई बीच में न छुड़ा दें। इसमें माध्यमिक शिक्षा परिषद के शिक्षक आसपास चल रहे परिषदीय विद्यालय से पास होने वाले बच्चों की सूची लेकर संबंधित गांव में जा रहे हैं।
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सिद्धार्थनगर। माध्यमिक शिक्षा परिषद से संचालित विद्यालयों में नामांकन बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। परिषदीय विद्यालय की तर्ज पर घर-घर जाकर शिक्षक अभिभावकों को प्रेरित कर रहे हैं कि कक्षा आठ पास करने वाले बच्चे नजदीक के इंटर कॉलेज में दाखिला लें।
इसमें बच्चों का आवेदन फाॅर्म भरवाने के साथ ही बोर्ड के पोर्टल पर डाटा भी अपलोड करेंगे। इसमें ईमेल आईडी भी होगी। जो बच्चों के अलावा परिवार के किसी सदस्य के मोबाइल से कनेक्ट होगी, जिससे उन्हें शैक्षिक कार्य के बारे में जानकारी मिल सके।
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विद्यालयों के खुलने के बाद एक बार फिर नामांकन के लिए शिक्षक घर-घर जाएंगे। बच्चों को बेहतर शिक्षा मिल सके इसके लिए सरकार ने सरकारी विद्यालयों में नामांकन प्रक्रिया बढ़ाने पर जोर दिया है। जिले में माध्यमिक शिक्षा परिषद के 200 से अधिक विद्यालय हैं। इसमें राजकीय सहायता प्राप्त वित्त विहीन विद्यालय शामिल हैं। इनमें बड़ी संख्या में बच्चे पढ़ रहे हैं। सरकारी विद्यालयों के प्रति लोगों का रुझान बढ़े और बच्चों का दाखिला सरकारी विद्यालय में कराएं। इसके लिए सरकार ने परिषदीय विद्यालय की तर्ज पर माध्यमिक शिक्षा परिषद के विद्यालय में भी घर-घर जाकर बच्चों के नामांकन करने पर जोर दिया है।
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खास करके उन बच्चों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा जो कक्षा आठ पास कर चुके हैं। इसके पीछे मकसद यह है कि अधिक खर्च के कारण अभिभावक बच्चों की पढ़ाई बीच में न छुड़ा दें। इसमें माध्यमिक शिक्षा परिषद के शिक्षक आसपास चल रहे परिषदीय विद्यालय से पास होने वाले बच्चों की सूची लेकर संबंधित गांव में जा रहे हैं।