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Siddharthnagar News: भीषण गर्मी के बीच हुई बारिश ने दी राहत, फसलों को मिली संजीवनी
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। सावन माह होने के बाद भी जिले के लोग भीषण गर्मी एवं उमस की चलते काफी परेशान थे। धान की फसल भी सूख रही थी। शुक्रवार की अपराह्न दो बजे करीब आंधी व पानी के फुहारों की बीच बारिश होने से लोगों ने राहत की सांस ली। यह बारिश धान की फसल के लिए अमृत साबित हुई। वहीं मौसम भी सुहाना हो गया।
औराताल प्रतिनिधि के अनुसार डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के बिलवट, बनगाई, सुकरौली, कमहरिया, प्रानपुर, सिरमझारी, असनहरा, कैथवलिया , भलुआही, मरवटिया आदि गांव में हल्की बारिश से जहां गर्मी से लोगों को राहत मिली वहीं सूखती धान को थोड़ी सी शक्ति मिल गई है।
किसान फौजदार, अशोक श्रीवास्तव, अनिल श्रीवास्तव डॉक्टर ओमकार चौबे, प्रमोद चौबे ने बताया कि बहुत हल्की बारिश हुई है जो धान की फसल को दो-चार दिन ही जीवित रख सकता है। सूखे की स्थिति बनी हुई है, अगर दो-चार दिन बारिश नहीं हुई तो धान की फसल सूख कर समाप्त हो जाएगी।
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सिद्धार्थनगर। सावन माह होने के बाद भी जिले के लोग भीषण गर्मी एवं उमस की चलते काफी परेशान थे। धान की फसल भी सूख रही थी। शुक्रवार की अपराह्न दो बजे करीब आंधी व पानी के फुहारों की बीच बारिश होने से लोगों ने राहत की सांस ली। यह बारिश धान की फसल के लिए अमृत साबित हुई। वहीं मौसम भी सुहाना हो गया।
औराताल प्रतिनिधि के अनुसार डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के बिलवट, बनगाई, सुकरौली, कमहरिया, प्रानपुर, सिरमझारी, असनहरा, कैथवलिया , भलुआही, मरवटिया आदि गांव में हल्की बारिश से जहां गर्मी से लोगों को राहत मिली वहीं सूखती धान को थोड़ी सी शक्ति मिल गई है।
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किसान फौजदार, अशोक श्रीवास्तव, अनिल श्रीवास्तव डॉक्टर ओमकार चौबे, प्रमोद चौबे ने बताया कि बहुत हल्की बारिश हुई है जो धान की फसल को दो-चार दिन ही जीवित रख सकता है। सूखे की स्थिति बनी हुई है, अगर दो-चार दिन बारिश नहीं हुई तो धान की फसल सूख कर समाप्त हो जाएगी।
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