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Siddharthnagar News: विश्वविद्यालय के छह छात्रों ने उत्तीर्ण की यूजीसी नेट की परीक्षा
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु के छह छात्रों ने असिस्टेंट प्रोफेसर और पीएचडी के लिए राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (यूजीसी नेट) की राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा उत्तीण की है। इसमें एमबीए विभाग से प्राची जायसवाल, पंकज शर्मा, और प्रद्युम्न कुमार दुबे, संस्कृत विभाग से आनंद कुमार पासवान, समाजशास्त्र विभाग से पूजा गुप्ता, हिंदी विभाग से शिवान कसौधन शामिल हैं।
यूजीसी की तरफ से 20 जून को घोषित परिणामों में अखिल भारतीय स्तर पर लगभग सात लाख पचास हजार उम्मीदवारों में लगभग 55 हजार उम्मीदवारों ने परीक्षा उत्तीर्ण की। छात्रों ने अपनी खुशी जाहिर की एवं विश्वविद्यालय के शिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त किया।
प्राची जायसवाल ने कहा कि शोध में कॅरिअर बनाने के उनके सपने को एमबीए विभाग के शिक्षकों ने बढ़ावा दिया है। पंकज शर्मा ने कहा कि वह अपनी क्षमताओं को मापने के लिए उत्सुक थे और एमबीए विभाग के मार्गदर्शन ने उन्हें इस उपलब्धि को प्राप्त करने में मदद की है। प्रद्युम्न ने कहा कि एमबीए विभाग के विभागाध्यक्ष एवं शिक्षकों के प्रति नेट पीएचडी परीक्षा उत्तीर्ण करने के लिए अपना आभार व्यक्त किया।
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आनंद पासवान ने कहा कि वह संस्कृत विभाग के प्रभारी अध्यक्ष और शिक्षकों द्वारा परिसर में प्रदान की गई सभी प्रकार की सहायता के लिए अभिभूत हैं और अब वह शिक्षण और शोध में कॅरिअर आगे बढ़ाएंगे। पूजा गुप्ता ने कहा कि समाजशास्त्र में प्रतिस्पर्धा बहुत कठिन थी और समाजशास्त्र विभाग के प्रभारी अध्यक्ष और शिक्षकों को धन्यवाद दिया कि वह लक्ष्य प्राप्त कर सकीं।
हिंदी विभाग के श्रीशिवान कसौधन ने कहा कि यह उपलब्धि विश्वविद्यालय में हुई चर्चाओं और प्रदान किए गए अनुभवों का परिणाम है। उन्होंने अपने शिक्षकों और प्रशासन को सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।
कुलपति प्रो. कविता शाह ने राष्ट्रीय स्तर पर शानदार उपलब्धि के लिए छात्रों की सराहना की। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय एक आकांक्षी जिले में स्थित है और तुलनात्मक रूप से नया है, लेकिन विश्वविद्यालय की छात्रों के सपनों को पंख प्रदान करने की प्रतिबद्धता ने उन्हें ऊंची उड़ान भरने में सक्षम बनाया है।
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सिद्धार्थनगर। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु के छह छात्रों ने असिस्टेंट प्रोफेसर और पीएचडी के लिए राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (यूजीसी नेट) की राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा उत्तीण की है। इसमें एमबीए विभाग से प्राची जायसवाल, पंकज शर्मा, और प्रद्युम्न कुमार दुबे, संस्कृत विभाग से आनंद कुमार पासवान, समाजशास्त्र विभाग से पूजा गुप्ता, हिंदी विभाग से शिवान कसौधन शामिल हैं।
यूजीसी की तरफ से 20 जून को घोषित परिणामों में अखिल भारतीय स्तर पर लगभग सात लाख पचास हजार उम्मीदवारों में लगभग 55 हजार उम्मीदवारों ने परीक्षा उत्तीर्ण की। छात्रों ने अपनी खुशी जाहिर की एवं विश्वविद्यालय के शिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त किया।
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प्राची जायसवाल ने कहा कि शोध में कॅरिअर बनाने के उनके सपने को एमबीए विभाग के शिक्षकों ने बढ़ावा दिया है। पंकज शर्मा ने कहा कि वह अपनी क्षमताओं को मापने के लिए उत्सुक थे और एमबीए विभाग के मार्गदर्शन ने उन्हें इस उपलब्धि को प्राप्त करने में मदद की है। प्रद्युम्न ने कहा कि एमबीए विभाग के विभागाध्यक्ष एवं शिक्षकों के प्रति नेट पीएचडी परीक्षा उत्तीर्ण करने के लिए अपना आभार व्यक्त किया।
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आनंद पासवान ने कहा कि वह संस्कृत विभाग के प्रभारी अध्यक्ष और शिक्षकों द्वारा परिसर में प्रदान की गई सभी प्रकार की सहायता के लिए अभिभूत हैं और अब वह शिक्षण और शोध में कॅरिअर आगे बढ़ाएंगे। पूजा गुप्ता ने कहा कि समाजशास्त्र में प्रतिस्पर्धा बहुत कठिन थी और समाजशास्त्र विभाग के प्रभारी अध्यक्ष और शिक्षकों को धन्यवाद दिया कि वह लक्ष्य प्राप्त कर सकीं।
हिंदी विभाग के श्रीशिवान कसौधन ने कहा कि यह उपलब्धि विश्वविद्यालय में हुई चर्चाओं और प्रदान किए गए अनुभवों का परिणाम है। उन्होंने अपने शिक्षकों और प्रशासन को सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।
कुलपति प्रो. कविता शाह ने राष्ट्रीय स्तर पर शानदार उपलब्धि के लिए छात्रों की सराहना की। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय एक आकांक्षी जिले में स्थित है और तुलनात्मक रूप से नया है, लेकिन विश्वविद्यालय की छात्रों के सपनों को पंख प्रदान करने की प्रतिबद्धता ने उन्हें ऊंची उड़ान भरने में सक्षम बनाया है।