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एकडेंगवा गांव के पास काटा बांध, मरम्मत से मिली राहत
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परसा क्षेत्र के के झुंगहवा-गड़रखा मार्ग पर बह रहा बाढ़ का पानी में आवागमन करते लोग। संवाद
- फोटो : SIDDHARTHNAGAR
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एकडेंगवा गांव के पास काटा बांध, मरम्मत से मिली राहत
- बांसी क्षेत्र के बांधों में नहीं थम रहा रिसाव, ग्रामीणों में दहशत
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर/बांसी। बांसी-डुमरियागंज बांध को एकडेंगवा गांव के पास कुछ लोगों ने बृहस्पतिवार की रात में काट दिया। सूचना पर पहुंचे विभागीय अधिकारियों ने ग्रामीणों की मदद से मरम्मत कराई तब जाकर आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली।
राप्ती नदी किनारे बने बांसी-डुमरियागंज बांध को एकडेंगवा गांव के पास कुछ लोगों ने काट दिया। जिससे थोड़ी ही देर में तीन से चार मीटर चौड़ाई में बाढ़ का पानी तेजी से दूसरी तरफ बहने लगा। सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों की मदद से पानी के तेज बहाव पर नियंत्रण करते हुए बांध की मरम्मत की। सिंचाई निर्माण खंड के अधिशासी अभियंता आरके सिंह ने बताया कि कटान स्थल का मरम्मत करने के बाद निगरानी तेज कर दी गई है।
उधर बांसी क्षेत्र के अन्य बांधों में रिसाव का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार की सुबह सोनखर हाटा बांध पर भंवारी गांव के पश्चिम तेजी से रिसाव होने लगा और बांध में दरार पड़ गया जिसे देख आसपास के ग्रामीण भयभीत हो गये। हालांकि पूरे दिन चले बचाव कार्य से रिसाव बंद हो गया। सोनखर हाटा बांध पर नदी का जलस्तर बढ़ने के साथ ही कई स्थान पर रिसाव होने लगा था तथा दस दिनों से रिसाव रोकने का सिलसिला जारी है। एक स्थान पर रिसाव रुक रहा है तो दूसरे स्थान पर शुरू हो जा रहा है। भंवारी गांव के पास कई स्थलो पर रिसाव हो रहा था जिसपर ठेकेदार काम भी कर रहे थे। शुक्रवार कि सुबह अचानक नये स्थान पर तेज रिसाव शुरू हुआ जिसे देख गांव के लोगों सहम गये रिसाव रोकने का काम शुरू ही हुआ था कि इतने में बांध में दरार पड़ने लगी जिसे देख वहां मौजूद लोग काफी परेशान हो गये। सूचना मिलने पर मौके पर सहायक अभियंता व अवर अभियंता पहुच गये और बचाव कार्य अपने देखरेख में कराने लगे। इसी तरह बीडी बांध से सटे इटवा रोड के बगल में, बांसी पनघटिया बांध पर कई स्थान पर रिसाव हो रहा है जिसे रोकने का प्रयास जारी है।
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बानगंगा में बढ़े पानी से शोहरतगढ़ में जलभराव का खतरा
शोहरतगढ़। क्षेत्र के बाणगंगा में बढ़े पानी से शोहरतगढ़ कस्बे में बेचैनी है। लगातार हो रहे बरसात के चलते नदी के उफनाने से बाढ़ का पानी तहसील के सामने ताल में जमा हो रहा है, जबकि बरसात से ताल लबालब भरा है। पानी निकलने के लिए एनएच 730 पर बने दो पुलियों पर कब्जा है। पुलियों पर कई लोगों ने कब्जा जमा रखा है। जलनिकासी न होने से कस्बे में खतरे की आहट दिख रही है। सभासद मनोज कुमार गुप्ता, संजीव जायसवाल, नियाज, दुर्गेश अग्रहरि, बब्लू गौड़, गोलू सिंह, राजेश का कहना है कि पानी की ठीक से निकासी न होने पर कभी भी बाढ़ का पानी शोहरतगढ़ कस्बे में प्रवेश कर सकता है। इससे लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। लोगों ने प्रशासन से अवैध कब्जा हटवाने की मांग की है।
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- बांसी क्षेत्र के बांधों में नहीं थम रहा रिसाव, ग्रामीणों में दहशत
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर/बांसी। बांसी-डुमरियागंज बांध को एकडेंगवा गांव के पास कुछ लोगों ने बृहस्पतिवार की रात में काट दिया। सूचना पर पहुंचे विभागीय अधिकारियों ने ग्रामीणों की मदद से मरम्मत कराई तब जाकर आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली।
राप्ती नदी किनारे बने बांसी-डुमरियागंज बांध को एकडेंगवा गांव के पास कुछ लोगों ने काट दिया। जिससे थोड़ी ही देर में तीन से चार मीटर चौड़ाई में बाढ़ का पानी तेजी से दूसरी तरफ बहने लगा। सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों की मदद से पानी के तेज बहाव पर नियंत्रण करते हुए बांध की मरम्मत की। सिंचाई निर्माण खंड के अधिशासी अभियंता आरके सिंह ने बताया कि कटान स्थल का मरम्मत करने के बाद निगरानी तेज कर दी गई है।
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उधर बांसी क्षेत्र के अन्य बांधों में रिसाव का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार की सुबह सोनखर हाटा बांध पर भंवारी गांव के पश्चिम तेजी से रिसाव होने लगा और बांध में दरार पड़ गया जिसे देख आसपास के ग्रामीण भयभीत हो गये। हालांकि पूरे दिन चले बचाव कार्य से रिसाव बंद हो गया। सोनखर हाटा बांध पर नदी का जलस्तर बढ़ने के साथ ही कई स्थान पर रिसाव होने लगा था तथा दस दिनों से रिसाव रोकने का सिलसिला जारी है। एक स्थान पर रिसाव रुक रहा है तो दूसरे स्थान पर शुरू हो जा रहा है। भंवारी गांव के पास कई स्थलो पर रिसाव हो रहा था जिसपर ठेकेदार काम भी कर रहे थे। शुक्रवार कि सुबह अचानक नये स्थान पर तेज रिसाव शुरू हुआ जिसे देख गांव के लोगों सहम गये रिसाव रोकने का काम शुरू ही हुआ था कि इतने में बांध में दरार पड़ने लगी जिसे देख वहां मौजूद लोग काफी परेशान हो गये। सूचना मिलने पर मौके पर सहायक अभियंता व अवर अभियंता पहुच गये और बचाव कार्य अपने देखरेख में कराने लगे। इसी तरह बीडी बांध से सटे इटवा रोड के बगल में, बांसी पनघटिया बांध पर कई स्थान पर रिसाव हो रहा है जिसे रोकने का प्रयास जारी है।
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बानगंगा में बढ़े पानी से शोहरतगढ़ में जलभराव का खतरा
शोहरतगढ़। क्षेत्र के बाणगंगा में बढ़े पानी से शोहरतगढ़ कस्बे में बेचैनी है। लगातार हो रहे बरसात के चलते नदी के उफनाने से बाढ़ का पानी तहसील के सामने ताल में जमा हो रहा है, जबकि बरसात से ताल लबालब भरा है। पानी निकलने के लिए एनएच 730 पर बने दो पुलियों पर कब्जा है। पुलियों पर कई लोगों ने कब्जा जमा रखा है। जलनिकासी न होने से कस्बे में खतरे की आहट दिख रही है। सभासद मनोज कुमार गुप्ता, संजीव जायसवाल, नियाज, दुर्गेश अग्रहरि, बब्लू गौड़, गोलू सिंह, राजेश का कहना है कि पानी की ठीक से निकासी न होने पर कभी भी बाढ़ का पानी शोहरतगढ़ कस्बे में प्रवेश कर सकता है। इससे लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। लोगों ने प्रशासन से अवैध कब्जा हटवाने की मांग की है।