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प्रेमी की खोज में थाने पहुंची प्रेमिका, शादी को हुए राजी
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
Updated Mon, 17 Oct 2016 10:02 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
सिद्धार्थनगर। डेढ़ साल तक प्रेमिका के संग रिलेशनशिप के बाद धोखा देकर भागे प्रेमी को प्रेमिका ने अंतत: खोज निकाला फतेहपुर जिले की प्रेमिका सोमवार को सदर थाने में पहुंची और प्रेमी की खोज के लिए पुलिस सेे सहयोग मांगा। पुलिस ने उसकी मदद की और प्र्रेमी और उसके पिता को ढूंढ लिया । थाने आए पिता ने दोनों की शादी की रजामंदी दे दी।
पुलिस के अनुसार थाना चिल्हिया के ग्राम पिपरा भड़ेहर निवासी युवक फतेहपुर में 102 नंबर एंबुलेंस का चालक था और थाना बिंदकी के एक गांव में किराए का कमरा लेकर रहता रहा। इसी दौरान उसकी मुलाकात एक युवती से हुई। दोनों कुछ दिनों तक दोस्त की तरह से रहे। फिर उनमें प्रेम हुआ तो वे रिलेशनशिप में रहने लगे। इधर प्रेमी ने एक दिन घर जाने की बात कहकर गांव चला आया।
कुछ दिनों तक प्रेमिका उसका इंतजार करती रही, फोन करने पर कॉल न रिसीव किए जाने के बाद उसका माथा ठनका। वह सिद्धार्थनगर के लिए चल पड़ी। सदर थाने पहुंचकर उसने अपनी व्यथा सुनाई और मदद की गुहार की। उसे प्रेमी के पते के नाम पर सिर्फ दो ही जानकारी थी। पहला प्रेमी के पिता का नाम और दूसरा कि वह किसी पोस्ट आफिस में काम करते हैं। पुलिस ने मुख्य डाकघर में उस नाम के कर्मचारी की खोज शुरू की तो पता निकला।
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पुलिस ने उसके पिता को बुलाया तो मालूम चला कि प्रेमी की शादी अन्य स्थान पर तय हो गई है। 21 अक्टूबर को मंगनी होनी है। इसके बाद प्रेमिका ने प्रेमी के घर जाने की जिद ठान ली। इस संबंध में एसओ शिवाकांत मिश्रा ने बताया कि प्रेमी व उसके पिता को थाने पर बुलाकर समझा गया। पिता प्रेमिका के साथ अपने बेटे की शादी को राजी हो गए हैं।
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पुलिस के अनुसार थाना चिल्हिया के ग्राम पिपरा भड़ेहर निवासी युवक फतेहपुर में 102 नंबर एंबुलेंस का चालक था और थाना बिंदकी के एक गांव में किराए का कमरा लेकर रहता रहा। इसी दौरान उसकी मुलाकात एक युवती से हुई। दोनों कुछ दिनों तक दोस्त की तरह से रहे। फिर उनमें प्रेम हुआ तो वे रिलेशनशिप में रहने लगे। इधर प्रेमी ने एक दिन घर जाने की बात कहकर गांव चला आया।
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कुछ दिनों तक प्रेमिका उसका इंतजार करती रही, फोन करने पर कॉल न रिसीव किए जाने के बाद उसका माथा ठनका। वह सिद्धार्थनगर के लिए चल पड़ी। सदर थाने पहुंचकर उसने अपनी व्यथा सुनाई और मदद की गुहार की। उसे प्रेमी के पते के नाम पर सिर्फ दो ही जानकारी थी। पहला प्रेमी के पिता का नाम और दूसरा कि वह किसी पोस्ट आफिस में काम करते हैं। पुलिस ने मुख्य डाकघर में उस नाम के कर्मचारी की खोज शुरू की तो पता निकला।
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पुलिस ने उसके पिता को बुलाया तो मालूम चला कि प्रेमी की शादी अन्य स्थान पर तय हो गई है। 21 अक्टूबर को मंगनी होनी है। इसके बाद प्रेमिका ने प्रेमी के घर जाने की जिद ठान ली। इस संबंध में एसओ शिवाकांत मिश्रा ने बताया कि प्रेमी व उसके पिता को थाने पर बुलाकर समझा गया। पिता प्रेमिका के साथ अपने बेटे की शादी को राजी हो गए हैं।