दो लाख रुपये मूल्य से अधिक के जेवरों की खरीद पर पैन कार्ड अनिवार्य किए जाने और एक्साइज टैक्स थोपे जाने के विरोध में जिले के सराफा व्यापारियों की बाजार बंदी मंगलवार को भी जारी रही। सराफा कारोबारियों ने चौक, सदर बाजार और जलालनगर मेें बैठक कर केंद्रीय वित्त मंत्री के खिलाफ नारेबाजी की। वित्त मंत्री अरुण जेटली ने 12 करोड़ रुपये सालाना कारोबार से कम वाले सराफा प्रतिष्ठानों को एक्साइज टैक्स से छूट और इंस्पेक्टर राज से निजात दिलाने की बात कही है। वित्त मंत्री के इस बयान ने सराफा कारोबारियों के मन में धधक रही आग में घी डालने का काम किया। जलालानगर में सराफा कारोबारियों की बैठक में इकाई अध्यक्ष पंकज वर्मा ने कहा कि वित्त मंत्री ने छोटे-बड़े सराफा व्यापारियों की बात करके उनकी एकता में फूट डालने की चाल चली है। महामंत्री जितेंद्र रस्तोगी ने वित्त मंत्री के बयान को अंग्रेजी मानसिकता का परिचायक बताया। इस मौके पर व्यापारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन में मितुल सिंह, अशोक रस्तोगी, बृज किशोर वर्मा, महेश वर्मा, राधेश्याम राठौर, बंटी रस्तोगी, सतीश वर्मा, रतन वर्मा, सीताराम भोला, ईश्वर दयाल वर्मा आदि शामिल रहे। उधर, चौक और सदर बाजार सराफा एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बैठक करके प्रांतीय नेतृत्व से अग्रिम दिशा निर्देश मिलने तक बाजार बंद रखने का संकल्प दोहराया। चौक सराफा इकाई अध्यक्ष जवाहर रस्तोगी, महामंत्री राजीव खन्ना, संरक्षक सुरेंद्र सिंह सेठ आदि ने सरकार के बयानों से विचलित हुए बगैर एकता बनाए रखने पर जोर दिया। सदर सराफा यूनियन के अध्यक्ष मुन्ना लाल चंदेल और महामंत्री विनोद सराफ ने बाजार बंदी में सहयोग के लिए व्यापारियों का आभार व्यक्त किया।