फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sambhal News ›   The month of April will become the carrier of worship of all religion sects

सर्वधर्म संप्रदाय के पूजा का वाहक बनेगा अप्रैल माह

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 08 Apr 2022 12:51 AM IST
विज्ञापन
The month of April will become the carrier of worship of all religion sects
संभल। इस वर्ष अप्रैल माह सर्वधर्म संप्रदाय का वाहक बनकर गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल पेश करेगा। संयोग से ही सही यह माह हर धर्म को मानने वालों के आस्था से जुड़ा है। इस माह के शुरूआत में दो अप्रैल से माता के जयकारे के साथ नवरात्र शुरू हुआ वहीं तीन अप्रैल से माह-ए-रमजान का आगाज होते ही मस्जिदों में तराबी की नमाज के साथ इबादत शुरू हुई, आगामी 15 अप्रैल को ईसाई समाज उपवास के चालीस दिन पूरा होने पर गुड फ्राइडे को प्रार्थना सभा आयोजित करेगा। इसी माह में सिख समुदाय का बैसाखी पर्व तो जैन धर्म का महावीर जयंती मनाई जाएगी। ऐसे तीज-त्योहार पर भाईचारा और आपसी सद्भाव की मिसाल सिर्फ भारत में ही देखने को मिल सकती है। संप्रदायिकता के मामले में अति संवेदनशील संभल जिले में ऐसे अवसर का खास महत्व होता है।
विज्ञापन

इस वर्ष अप्रैल माह अद्भुत संयोग लेकर आया है। क्योंकि इस माह में सर्वधर्म समभाव की स्थिति बन रही है। हर धर्म के लोग उत्सव मनाएंगे। एक महीने में ऐसा संयोग कम बनता है, जब हिंदू, मुसलिम, सिख, ईसाई और जैन धर्म के लोगों का उत्सव चंद दिनों के अंतराल में पर एक ही माह के अंदर मने। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि यह माह धर्म के लिए खुशियां लेकर आया है।
विज्ञापन

नवरात्र पूजा से इस माह की शुरूआत हुई, ऐसे में लोग अपने अपने घरों में कलश स्थापित कर माता की स्तुति में लीन है। नवरात्र के चलते मंदिर से लेकर बाजार तक गुलजार हैं। यह सिलसिला नवरात्र की दशमी यनि 11 अप्रैल तक चलेगा। इसबीच तीन अप्रैल से मुसलिम वर्ग के पाक माह रमजान का आगाज हुआ, चांद दिखने के साथ ही मस्जिदों में तराबी की नमाज के साथ इबादत का दौर शुरू हुआ, जो अनवरत माह के अंत तक चलेगा। इस बीच मसीही समुदाय के लोग 10 अप्रैल से पाम संडे का पर्व मनाएंगे। इसमें यीशु मसीह के कृतित्व-व्यक्तित्व को आत्मसात किया जाएगा। बाइबिल का सप्ताह भर नियमित पाठ होगा। गुड फ्राइडे 15 अप्रैल व ईस्टर 17 अप्रैल को मनाया जाएगा। सिख धर्म को मानने वाले लोगों का अत्यंत महत्वपूर्ण पर्व बैसाखी 14 अप्रैल को मनाया जाएगा। बैसाखी पर ही गुरु गोविंद सिंह जी ने पंच प्यारों को अमृत पान कराया था। इसके बाद खासला पंथ का स्थापना की गई। इस कारण सिखों के लिए यह पर्व अत्यंत पवित्र और महत्वपूर्ण है। बैसाखी पर गुरुद्वारा में श्री गुरुग्रंथ साहिब का पाठ करने के साथ शबद-कीर्तन का आयोजन होता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

तीर्थंकर भगवान महावीर की जयंती 14 अप्रैल को
संभल। 14 अप्रैल को जैन धर्मावलंबी अपने तीर्थंकर भगवान महावीर की जयंती मनाएंगे। जैन मंदिरों में विशेष पूजन व अनुष्ठान करके जनकल्याण की कामना होगी। फिर 15 अप्रैल को बंगाली समुदाय के लोगों का नया वर्ष आरंभ होगा। बंगाली लोग सुबह शंखवादन करके नए वर्ष का स्वागत करेंगे। घरों में मां काली की पूजा होगी। तरह-तरह के पकवान बनाकर खुशी मनाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed