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UP: 400 से अधिक मदरसों में पढ़ाई जाएगी संस्कृत, जल्द शुरू होगा पाठ्यक्रम, सीएम धामी की हामी का इंतजार

Tue, 05 Nov 2024 04:15 PM IST
डिंपल सिरोही न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर Published by: डिंपल सिरोही Updated Tue, 05 Nov 2024 04:15 PM IST
सार

उत्तर प्रदेश के मदरसों में अब अरबी भाषा के साथ संस्कृत भी छात्रों को पढ़ाई जाएगी। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जा चुका है। हरी झंडी मिलते ही इसे 400 से भी ज्यादा मदरसों में शुरू किया जाएगा।

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UP: Sanskrit will be taught in more than 400 madrasa, waiting for CM Dhami approval
संस्कृत विषय। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उत्तराखंड मदरसा शिक्षा परिषद के अध्यक्ष मुफ्ती शमून कासमी ने कहा कि राज्यभर के मदरसों में छात्रों को अरबी के साथ-साथ संस्कृत भी पढ़ाई जाएगी। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जा चुका है। हरी झंडी मिलते ही मदरसों में वैकल्पिक आधार पर संस्कृत शिक्षा शुरू कर दी जाएगी।

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वैकल्पिक विषय के रूप में शामिल की जाएगी संस्कृत शिक्षा
देवबंद पहुंचे मुफ्ती शमून कासमी ने लोकनिर्माण अतिथिगृह में पत्रकारों से वार्ता के दौरान कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर धामी की इच्छा है कि मदरसा जाने वाले बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ा जाए। इसलिए निर्णय लिया गया है कि राज्यभर के मदरसों में संस्कृत की शिक्षा को वैकल्पिक विषय के रूप में शामिल किया जाए।
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उन्होंने कहा कि राज्य के मदरसों में एनसीईआरटी पाठ्यक्रम शुरू करने से इस वर्ष अच्छे परिणाम सामने आए हैं। इसमें करीब 96 प्रतिशत विद्यार्थी पास हुए है। इससे यह पता लगता है कि मदरसों में अध्ययनरत छात्रों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। यदि उन्हें अवसर दिया जाए तो वे संस्कृत सहित दूसरे विषयों में भी शानदार प्रदर्शन कर सकते हैं।

अरबी के साथ संस्कृत सीखना छात्रों के लिए होगा लाभदायक
मुफ्ती शमून कासमी ने कहा कि अरबी और संस्कृत दोनों प्राचीन भाषाएं हैं। मदरसा छात्रों को अरबी के साथ अगर संस्कृत सीखने का विकल्प मिलता है तो यह उनके लिए लाभदायक होगा। उन्होंने उत्तराखंड के अलग-अलग हिस्सों में पूर्व में मस्जिदों और मदरसों को लेकर हिंदू संगठनों द्वारा किए गए विरोध प्रदर्शन पर कहा कि धामी सरकार निष्पक्ष रूप से कार्य कर रही है। 

राज्य में किसी भी वर्ग के साथ कोई भेदभाव नहीं किया जा रहा है। हमारी सरकार पीएम नरेंद्र मोदी के सबका साथ सबका विकास और सबका विश्वास के मंत्र पर काम कर रही है।  

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