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कोहरे ने थामी ट्रेनों की रफ्तार, यात्री बेहाल
Thu, 16 Apr 2020 06:55 PM IST
Anonymous User
ब्यूरो\ अमर उजाला, सहारनपुर
ब्यूरो\ अमर उजाला, सहारनपुर
Published by: Anonymous User
Updated Thu, 16 Apr 2020 06:55 PM IST
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चार दिन से अचानक आए कोहरे ने ट्रेनों के यातायात को पूरी तरह से प्रभावित कर दिया। कोहरे ने न सिर्फ ट्रेनों की रफ्तार पर ब्रेक लगाया, बल्कि लोगों को यात्रा ही निरस्त करने पर मजबूर कर दिया। ट्रेनें 18 घंटे तक देरी से चली। हरिद्वार-लक्सर के बीच मेगा ब्लाक होने से तीन ट्रेनों को रोक दिया गया, जबकि शताब्दी सहारनपुर तक ही पहुंच सकी।
कोहरे का सबसे अधिक असर ट्रेनों की रफ्तार को पड़ा। 100 की गति से चलने वाली ट्रेनों की रफ्तार मात्र 20-25 की ही रह गई। जिससे ट्रेनें 18 घंटे से भी अधिक देरी से चलीं। डुप्लीकेट हावड़ा जो रात 12.40 बजे सहारनपुर पहुंचती है, वह दोपहर में सवा बजे पहुंची। लखनऊ चंडीगढ़ भी दोपहर सवा तीन बजे पहुंची। सभी ट्रेनें अपने निर्धारित समय से कई-कई घंटे की देरी से पहुंची।
रही सही कसर हरिद्वार-लक्सर के बीच आए मेगा ब्लाक ने निकाल दी। मेगा ब्लाक के चलते गंगानगर एक्सप्रेस को अंबाला में ही रोक दिया गया, जनशताब्दी को भी अंबाला में ही रोक दिया गया। जबकि शताब्दी को सहारनपुर में ही रोका गया। इससे आगे नहीं बढ़ने दिया गया। जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
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अपर स्टेशन अधीक्षक शिवपाल सिंह ने बताया कि फॉग ने ट्रेनों का शेड्यूल पूरा बिगाड़ दिया है। जिस कारण ट्रेनों की गति 20 से 25 किमी प्रति घंटा रह गई है। सभी ट्रेनें लेट चल रहीं हैं।
बसों की गति पर लगा ब्रेक
सहारनपुर। ट्रेनों के अलावा बसों की गति को भी कोहरे ने थाम दिया है। कोहरे के चलते बसें भी अपनी रफ्तार से नहीं चल पा रहीं हैं। खासकर रात्रि सेवा की बसों का सफर तो मुश्किलों भरा हो गया है। 20 किमी प्रति घंटा की रफ्तार भी बसें नहीं पकड़ पा रहीं हैं। जिस कारण सफर में दोगुना समय लग रहा है।
कोहरे ने प्रभावित किया जनजीवन
शहर में बृहस्पतिवार को कोहरे ने जनजीवन बुरी तरह प्रभावित किया। न्यूनतम पारा 11 डिग्री तक पहुंच गया। सर्द हवाओं ने अधिकतम पारा भी घटाकर 24 ला दिया। नमी बढने से आर्द्रता 56 प्रतिशत तक पहुंच गई। बुधवार की पूरी रात आसमान कोहरे से ढका रहा और सुबह जब लोगों की आंख खुली तो धुंध की बूंदें बारिश की तरह बरसती नजर आईं। इसके चलते लोग काफी देर से घरों से निकले। स्टेडियम में अभ्यास करने वाले खिलाड़ी भी मौसम को देखते हुए देर से पहुंचे। घना कुहरा होने से सुबह से ही वाहनों की हेडलाइट्स आन करनी पड़ी। सर्द हवाओं के बीच लोग गर्म परिधानों के साथ रेंगते हुए सड़कों पर वाहन चलाते नजर आए।
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कोहरे का सबसे अधिक असर ट्रेनों की रफ्तार को पड़ा। 100 की गति से चलने वाली ट्रेनों की रफ्तार मात्र 20-25 की ही रह गई। जिससे ट्रेनें 18 घंटे से भी अधिक देरी से चलीं। डुप्लीकेट हावड़ा जो रात 12.40 बजे सहारनपुर पहुंचती है, वह दोपहर में सवा बजे पहुंची। लखनऊ चंडीगढ़ भी दोपहर सवा तीन बजे पहुंची। सभी ट्रेनें अपने निर्धारित समय से कई-कई घंटे की देरी से पहुंची।
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रही सही कसर हरिद्वार-लक्सर के बीच आए मेगा ब्लाक ने निकाल दी। मेगा ब्लाक के चलते गंगानगर एक्सप्रेस को अंबाला में ही रोक दिया गया, जनशताब्दी को भी अंबाला में ही रोक दिया गया। जबकि शताब्दी को सहारनपुर में ही रोका गया। इससे आगे नहीं बढ़ने दिया गया। जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
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अपर स्टेशन अधीक्षक शिवपाल सिंह ने बताया कि फॉग ने ट्रेनों का शेड्यूल पूरा बिगाड़ दिया है। जिस कारण ट्रेनों की गति 20 से 25 किमी प्रति घंटा रह गई है। सभी ट्रेनें लेट चल रहीं हैं।
बसों की गति पर लगा ब्रेक
सहारनपुर। ट्रेनों के अलावा बसों की गति को भी कोहरे ने थाम दिया है। कोहरे के चलते बसें भी अपनी रफ्तार से नहीं चल पा रहीं हैं। खासकर रात्रि सेवा की बसों का सफर तो मुश्किलों भरा हो गया है। 20 किमी प्रति घंटा की रफ्तार भी बसें नहीं पकड़ पा रहीं हैं। जिस कारण सफर में दोगुना समय लग रहा है।
कोहरे ने प्रभावित किया जनजीवन
शहर में बृहस्पतिवार को कोहरे ने जनजीवन बुरी तरह प्रभावित किया। न्यूनतम पारा 11 डिग्री तक पहुंच गया। सर्द हवाओं ने अधिकतम पारा भी घटाकर 24 ला दिया। नमी बढने से आर्द्रता 56 प्रतिशत तक पहुंच गई। बुधवार की पूरी रात आसमान कोहरे से ढका रहा और सुबह जब लोगों की आंख खुली तो धुंध की बूंदें बारिश की तरह बरसती नजर आईं। इसके चलते लोग काफी देर से घरों से निकले। स्टेडियम में अभ्यास करने वाले खिलाड़ी भी मौसम को देखते हुए देर से पहुंचे। घना कुहरा होने से सुबह से ही वाहनों की हेडलाइट्स आन करनी पड़ी। सर्द हवाओं के बीच लोग गर्म परिधानों के साथ रेंगते हुए सड़कों पर वाहन चलाते नजर आए।