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नौकरी लगवाने के नाम पर दो लाख हडपे, मुकदमा दर्ज
Updated Tue, 02 Oct 2018 12:48 AM IST
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सहारनपुर। एक बेरोजगार युवक की सरकारी स्कूल में नौकरी लगवाने के नाम पर प्रबंधक सहित तीन पर दो लाख रुपये की ठगी करने का आरोप लगाया है। आरोप है कि इस सदमे में युवक की मौत भी हो गई। तीनों आरोपियों के खिलाफ सदर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
रविनगर निवासी राजपाल सिंह का आरोप है कि उसका बेटा राजेश बेरोजगार था। उसका परिचित रहीमाबाद, मक्खन कॉलोनी निवासी अली शहजाद उससे मिला और उसे बताया कि थाना कुतुबशेर क्षेत्र के एक गांव में स्थित प्राइमरी पाठशाला एवं जूनियर हाई स्कूल का प्रबंधक उसका परिचित है और उसके बेटे को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद पर स्कूल में नौकरी लगवा देगा। उसने प्रबंधक से मिलवाया जिसने बताया कि रिक्त स्थान पर नियुक्ति के लिए शासन से अनुमति लेने को कुछ खर्च करना पड़ेगा और दोनों ने उसके घर आकर उससे दो लाख का चेक ले लिया। फिर कुछ समय बाद उसके बेटे को नियुक्ति पत्र घर आकर दिया। नियुक्ति पत्र पर प्रबंधक एवं एक अन्य पदाधिकारी के हस्ताक्षर थे। जब वह नियुक्ति पत्र के साथ बेटे को ज्वाइन कराने ले गया तो स्कूल के प्रधानाचार्य ने नियुक्ति पत्र फर्जी व स्कूल में कोई रिक्त स्थान न होने की बात बताई। जिसके बाद उसी रात उसके बेटे की टेंशन से ब्रेन हैमरेज हो जाने पर मौत हो गई और तीनों आरोपियों ने षड्यंत्र के तहत उसका दो लाख रुपया भी डकार लिया। इस संबंध में राजपाल ने कोर्ट के माध्यम से सदर कोतवाली में तीनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, गबन की एफआईआर दर्ज कराई है।
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रविनगर निवासी राजपाल सिंह का आरोप है कि उसका बेटा राजेश बेरोजगार था। उसका परिचित रहीमाबाद, मक्खन कॉलोनी निवासी अली शहजाद उससे मिला और उसे बताया कि थाना कुतुबशेर क्षेत्र के एक गांव में स्थित प्राइमरी पाठशाला एवं जूनियर हाई स्कूल का प्रबंधक उसका परिचित है और उसके बेटे को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के पद पर स्कूल में नौकरी लगवा देगा। उसने प्रबंधक से मिलवाया जिसने बताया कि रिक्त स्थान पर नियुक्ति के लिए शासन से अनुमति लेने को कुछ खर्च करना पड़ेगा और दोनों ने उसके घर आकर उससे दो लाख का चेक ले लिया। फिर कुछ समय बाद उसके बेटे को नियुक्ति पत्र घर आकर दिया। नियुक्ति पत्र पर प्रबंधक एवं एक अन्य पदाधिकारी के हस्ताक्षर थे। जब वह नियुक्ति पत्र के साथ बेटे को ज्वाइन कराने ले गया तो स्कूल के प्रधानाचार्य ने नियुक्ति पत्र फर्जी व स्कूल में कोई रिक्त स्थान न होने की बात बताई। जिसके बाद उसी रात उसके बेटे की टेंशन से ब्रेन हैमरेज हो जाने पर मौत हो गई और तीनों आरोपियों ने षड्यंत्र के तहत उसका दो लाख रुपया भी डकार लिया। इस संबंध में राजपाल ने कोर्ट के माध्यम से सदर कोतवाली में तीनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, गबन की एफआईआर दर्ज कराई है।
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