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मुजफ्फरनगर दंगे में विस्थापित लोगों का प्रदेश सरकार पर आरोप लगाने का मामला...
Updated Wed, 25 Apr 2018 12:48 AM IST
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वर्ग विशेष के लिए काम कर रही योगी सरकार : उलमा
देवबंद (सहारनपुर)। मुजफ्फरनगर दंगा पीड़ितों द्वारा योगी सरकार पर भेदभाव बरतने के आरोप लगाने पर देवबंदी उलमा का कहना है कि सरकार वर्ग विशेष को खुश करने के लिए एक सूत्री एजेंडे पर काम कर रही है। यह रवैया संविधान से हटकर है।
वर्ष 2013 में मुजफ्फनगर दंगों में विस्थापित हुए मुस्लिम समाज के लोगों ने मंगलवार को योगी सरकार पर भेदभाव बरतने का आरोप लगाते हुए सवाल खड़ा किया कि क्या सरकार सिर्फ हिंदुओं के लिए बनी हुई है। मुस्लिम समाज के आरोपों का समर्थन करते हुए जमीयत उलमा-ए-हिंद के प्रदेश सचिव और दारुल उलूम फारुकिया के मोहतमिम मौलाना नूरुलहुदा कासमी ने कहा कि केवल मुजफ्फरनगर ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश में सरकार एक सूत्रीय एजेंडे पर काम कर रही है। सरकार को मुसलमानों की समस्याओं से कोई लेना देना नहीं है। उन्हें केवल मुद्दों और वायदों में उलझकर रखा गया है। सरकार की कार्यप्रणाली संविधान और मुल्क की एकजुटता के खिलाफ है जो खतरनाक है। मौलाना नूरुलहुदा का कहना है कि मुख्यमंत्री को सभी वर्गों के साथ समान व्यवहार करते हुए संविधान के अनुरूप दायित्व निभाने चाहिएं।
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देवबंद (सहारनपुर)। मुजफ्फरनगर दंगा पीड़ितों द्वारा योगी सरकार पर भेदभाव बरतने के आरोप लगाने पर देवबंदी उलमा का कहना है कि सरकार वर्ग विशेष को खुश करने के लिए एक सूत्री एजेंडे पर काम कर रही है। यह रवैया संविधान से हटकर है।
वर्ष 2013 में मुजफ्फनगर दंगों में विस्थापित हुए मुस्लिम समाज के लोगों ने मंगलवार को योगी सरकार पर भेदभाव बरतने का आरोप लगाते हुए सवाल खड़ा किया कि क्या सरकार सिर्फ हिंदुओं के लिए बनी हुई है। मुस्लिम समाज के आरोपों का समर्थन करते हुए जमीयत उलमा-ए-हिंद के प्रदेश सचिव और दारुल उलूम फारुकिया के मोहतमिम मौलाना नूरुलहुदा कासमी ने कहा कि केवल मुजफ्फरनगर ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश में सरकार एक सूत्रीय एजेंडे पर काम कर रही है। सरकार को मुसलमानों की समस्याओं से कोई लेना देना नहीं है। उन्हें केवल मुद्दों और वायदों में उलझकर रखा गया है। सरकार की कार्यप्रणाली संविधान और मुल्क की एकजुटता के खिलाफ है जो खतरनाक है। मौलाना नूरुलहुदा का कहना है कि मुख्यमंत्री को सभी वर्गों के साथ समान व्यवहार करते हुए संविधान के अनुरूप दायित्व निभाने चाहिएं।
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