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बादल और बूंदाबांदी से किसान चिंतित
Thu, 14 Mar 2019 11:37 PM IST
vijendra pratap
अमर उजाला ब्यूरो/ रामपुर
अमर उजाला ब्यूरो/ रामपुर
Published by: vijendra pratap
Updated Thu, 14 Mar 2019 11:37 PM IST
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रामपुर में गुरुवार को आसमान पर दिन भर बादल छाए रहे। - अमर उजाला
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बुधवार से बदले मौसम के मिजाज ने किसानों की चिंता एक बार फिर बढ़ा दी है। खेतों में फसल पककर तैयार खड़ी है और आसमान में बादल छा रहे हैं। बृहस्पतिवार दोपहर बिजली गरजने के साथ ही बूंदाबांदी भी हो गई। जिससे किसान और परेशान हो गए हैं, हालांकि कुछ देर की बूंदाबांदी के बाद मौसम साफ हो गया लेकिन, मौसम के इस तरह बदलने से किसानों की चिंता बढ़ गई है।
दिनभर आसमान में बादलों की लुका छुपी का खेल बना रहा। मामूली रूप से पानी की बौछारें भी पड़ती रही। बादलों की तेज गड़गड़ाहट से किसानों के चेहरों पर मायूसी की लकीरें छाई रही। इस समय गेहूं, मटर, लहसुन, मिर्च की फसल तैयारी पर है। ऐसी स्थिति में मौसम के बदलते हालातों ने किसानों के चेहरों की रंगत उड़ा दी। दिनभर मौसम का मिजाज बिगड़ा रहा लेकिन लगभग तीन बजे एकाएक मौसम में सुधार हुआ।
धूप खिल गई, धूप खिलने के बाद किसानों ने राहत की सांस ली। लेकिन, दो दिन से लगातार बदल रही मौसम की रंगत किसानों के चेहरे की रंगत उड़ा रही है। इस समय अगर बारिश होती है तो किसानों को गेहूं की फसल में सबसे अधिक नुकसान होगा।
दिनभर आसमान में बादलों की लुका छुपी का खेल बना रहा। मामूली रूप से पानी की बौछारें भी पड़ती रही। बादलों की तेज गड़गड़ाहट से किसानों के चेहरों पर मायूसी की लकीरें छाई रही। इस समय गेहूं, मटर, लहसुन, मिर्च की फसल तैयारी पर है। ऐसी स्थिति में मौसम के बदलते हालातों ने किसानों के चेहरों की रंगत उड़ा दी। दिनभर मौसम का मिजाज बिगड़ा रहा लेकिन लगभग तीन बजे एकाएक मौसम में सुधार हुआ।
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धूप खिल गई, धूप खिलने के बाद किसानों ने राहत की सांस ली। लेकिन, दो दिन से लगातार बदल रही मौसम की रंगत किसानों के चेहरे की रंगत उड़ा रही है। इस समय अगर बारिश होती है तो किसानों को गेहूं की फसल में सबसे अधिक नुकसान होगा।
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