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नहीं आते डॉक्टर, फॉर्मासिस्ट करते इलाज, मरीज हो रहे बेहाल
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गदागंज (रायबरेली)। स्वास्थ्य मंत्री की सख्ती का असर दीनशाह गौरा क्षेत्र के डॉक्टरों पर नहीं पड़ रहा है। अस्पताल में फार्मासिस्ट मरीजों का इलाज कर रहे हैं।
डॉक्टर सप्ताह में एक दिन आकर उपस्थिति रजिस्टर पर हस्ताक्षर कर रहे हैं। ऐसे में मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है। गुरुवार को भी पीएचसी गोविंदपुर माधव और जलालपुर में डॉक्टर मरीजों का इलाज करने के लिए नहीं पहुंचे।
दीनशाह गौरा ब्लॉक के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गोविंदपुर माधव व जलालपुर धई में लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं देने के लिए अस्पताल बना हुआ, जहां पर मेडिकल ऑफिसर की तैनाती भी की गई है, लेकिन अस्पताल में तैनात डॉक्टर कभी नहीं आते हैं।
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बताते हैं कि जलालपुर धई में तैनात चिकित्सक डॉ. शुभम सिंह सिर्फ मेला ड्यूटी करने आते हैं और सप्ताह भर की हाजिरी रजिस्टर पर लगाते हैं। यही हाल गोविंदपुर माधव में स्थित डॉक्टर का है।
केवल फार्मासिस्ट ही अस्पताल चला रहा है। अस्पताल में सारी सुविधाएं होते हुए भी लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। अस्पतालों में सफाई कर्मी की तैनाती भी नहीं है।
अस्पताल में चारों तरफ गंदगी फैली रहती है। अस्पताल परिसर में पानी पीने की व्यवस्था नहीं है। हैंडपंप खराब पड़े हैं। गौरा सीएचसी के अधीक्षक डॉ. ज्ञान प्रकाश सिसौदिया ने बताया कि डॉक्टर अस्पताल नहीं पहुंचे हैं। इसकी जानकारी नहीं है। यदि अनुपस्थित हैं तो कार्रवाई की जाएगी।
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डॉक्टर सप्ताह में एक दिन आकर उपस्थिति रजिस्टर पर हस्ताक्षर कर रहे हैं। ऐसे में मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है। गुरुवार को भी पीएचसी गोविंदपुर माधव और जलालपुर में डॉक्टर मरीजों का इलाज करने के लिए नहीं पहुंचे।
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दीनशाह गौरा ब्लॉक के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गोविंदपुर माधव व जलालपुर धई में लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं देने के लिए अस्पताल बना हुआ, जहां पर मेडिकल ऑफिसर की तैनाती भी की गई है, लेकिन अस्पताल में तैनात डॉक्टर कभी नहीं आते हैं।
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बताते हैं कि जलालपुर धई में तैनात चिकित्सक डॉ. शुभम सिंह सिर्फ मेला ड्यूटी करने आते हैं और सप्ताह भर की हाजिरी रजिस्टर पर लगाते हैं। यही हाल गोविंदपुर माधव में स्थित डॉक्टर का है।
केवल फार्मासिस्ट ही अस्पताल चला रहा है। अस्पताल में सारी सुविधाएं होते हुए भी लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। अस्पतालों में सफाई कर्मी की तैनाती भी नहीं है।
अस्पताल में चारों तरफ गंदगी फैली रहती है। अस्पताल परिसर में पानी पीने की व्यवस्था नहीं है। हैंडपंप खराब पड़े हैं। गौरा सीएचसी के अधीक्षक डॉ. ज्ञान प्रकाश सिसौदिया ने बताया कि डॉक्टर अस्पताल नहीं पहुंचे हैं। इसकी जानकारी नहीं है। यदि अनुपस्थित हैं तो कार्रवाई की जाएगी।